नई दिल्ली : कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने महिला पहलवानों को हिरासत में लिए जाने के बाद रविवार को आरोप लगाया कि ‘राज्याभिषेक’ पूरा होने के पश्चात ‘अहंकारी राजा’ सडक़ों पर जनता की आवाज को कुचल रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा संसद के नए भवन का उद्घाटन किए जाने का परोक्ष रूप से हवाला देते हुए ट्वीट किया, राज्याभिषेक पूरा हुआ - अहंकारी राजा सडक़ों पर कुचल रहा जनता की आवाज! कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने आरोप लगाया कि सरकार महिला खिलाडय़िों की आवाज को निर्ममता से बूटों तले रौंद रही है।
प्रियंका गांधी ने ट्वीट किया कि खिलाडिय़ों की छाती पर लगे मेडल हमारे देश की शान होते हैं। उन मेडलों से, खिलाडिय़ों की मेहनत से देश का मान बढ़ता है। भाजपा सरकार का अहंकार इतना बढ़ गया है कि सरकार हमारी महिला खिलाडिय़ों की आवाजों को निर्ममता के साथ बूटों तले रौंद रही है। उन्होंने कहा कि ये एकदम गलत है। पूरा देश सरकार के अहंकार और इस अन्याय को देख रहा है। कांग्रेस के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने महिला पहलवानों को हिरासत में लिए जाने की तस्वीर साझा करते हुए कहा कि राजदंड तंत्र।
उल्लेखनीय है कि विनेश फोगाट, साक्षी मलिक और बजरंग पूनिया को दिल्ली पुलिस ने रविवार को सुरक्षा घेरा तोडक़र महिला ‘महापंचायत’ के लिए नए संसद भवन की ओर बढऩे की कोशिश करने के बाद कानून और व्यवस्था के उल्लंघन के लिए हिरासत में ले लिया । पहलवानों को जबरदस्ती बसों में बैठाकर अज्ञात स्थल पर भेज दिया गया। पुलिस ने इसके बाद पहलवानों के प्रदर्शन स्थल जंतर-मंतर से उनके चारपाई, गद्दे, कूलर, पंखे और तिरपाल आदि सामान को हटा दिया। देश के शीर्ष पहलवानों ने 23 अप्रैल को भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) के प्रमुख बृजभूषण शरण सिंह को गिरफ्तार करने की मांग को लेकर अपना आंदोलन फिर से शुरू किया था। बृजभूषण पर एक नाबालिग सहित कई महिला पहलवानों के कथित यौन उत्पीडऩ का आरोप लगा है।