कीव/मॉस्को/वाशिंगटन : रूस और यूक्रेन के बीच लगातार 29वें दिन भी जंग जारी है। पुतिन की सेना जहां आए दिन आक्रामक होती जा रही है वहीं जेलेंस्की भी हथियार डालने के लिए तैयार नहीं हैं। इस संकट पर वृहस्पतिवार को नाटो की आपात बैठक हुई। जेलेंस्की ने इस बैठक में नाटो से कहा कि आपको साबित करना चाहिए कि आप लोगों की रक्षा करना चाहते हैं। वहीं, जी-7 देशों ने रूस के सेंट्रल बैंक पर लेन-देन में सोने का इस्तेमाल करने पर रोक लगा दी है। संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) में यूक्रेन की ओर से पेश किए गए प्रस्ताव को अनुमति मिल गई है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने नाटो की आपात बैठक में यूक्रेन में नो फ्लाई जोन घोषित करने की मांग नहीं दोहराई जिसे नाटो पहले ही खारिज कर चुका है। पश्चिमी देशों के अधिकारियों का कहना है कि ऐसे किसी भी कदम से नाटो और रूस के बीच प्रत्यक्ष टकराव पैदा हो सकता है। अमरीकी राष्ट्रपति जो बाइडन के अनुसार इससे तृतीय विश्व युद्ध छिड़ सकता है। संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) में यूक्रेन की ओर से पेश किए गए प्रस्ताव को अनुमति मिल गई है। यूक्रेन ने यह प्रस्ताव रूस के हमले की वजह से उत्पन्न मानवीय संकट को लेकर था। इस प्रस्ताव के समर्थन में 140 और विरोध में पांच वोट पड़े। वहीं, भारत समेत 38 सदस्यों ने मतदान से दूरी बनाए रखी। महासभा ने यूक्रेन में मानवीय संकट के लिए रूस को जिम्मेदार ठहराने वाले प्रस्ताव को मंजूर किया और तत्काल संघर्ष विराम का आग्रह किया। चीन ने इस बात से इनकार किया है कि उसे यूक्रेन पर रूस के हमले की पहले से जानकारी थी। चीन के रक्षा मंत्रालय की ओर से जारी एक बयान में यह बात कही गई है। इसमें कहा हया है कि यह दावे कि चीन ने अमरीका की उन चेतावनियों को नजरअंदाज किया कि रूस यूक्रेन पर हमला कर सकता है, पूरी तरह गलत हैं। यूक्रेन की नौसेना ने दावा किया है कि इसने बेर्ड्यांस्क शहर के पास रूस के एक बड़े जहाज को नष्ट कर दिया है। नाटो के नेताओं ने गठबंधन महासचिव जेंस स्टोल्टेनबर्ग का कार्यकाल एक साल के लिए बढ़ा दिया है, ताकि वह यूक्रेन पर रूसी हमले से उत्पन्न सुरक्षा संकट से निपटने में 30 देशों की सदस्यता वाले सैन्य संगठन के संचालन में मदद कर सकें। स्टोल्टेनबर्ग ने ट्वीट किया कि मैं महासचिव के तौर पर अपना कार्यकाल 30 सितंबर 2023 तक बढ़ाने के नाटो नेताओं के फैसले से सम्मानित महसूस कर रहा हूं। ब्रिटिश सरकार ने रूस के अहम उद्योगों और व्यक्तियों को निशाना बनाते हुए 65 नए प्रतिबंध लगाने की घोषणा की है। ब्रिटेन के मुताबिक इसका लक्ष्य राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की यूक्रेन में ‘युद्ध मशीन’ को कुंद करना है।
यूएनजीए में यूक्रेन के प्रस्ताव को मिली अनुमति