सवाई माधोपुर का एक युवा वन्य जीव संरक्षण और पर्यावरण को बचाने के लिए रणथम्भौर में लगातार काम कर रहे हैं। बाघ संरक्षण एवं ग्रामीण विकास समिति बनाकर रूपसिंह मीणा वन्य जीव संरक्षण और पर्यावरण को बचाने के लिए काम कर रहा है। समिति के अध्यक्ष रूप सिंह मीणा अपने साथियों के साथ पिछले 3 साल में करीब 5 हजार किलो प्लास्टिक और पॉलीथिन रणथंभौर के जंगलों से हटा चुके हैं। रूपसिंह बताते है कि रणथंभौर को प्लास्टिक व पॉलीथिन मुक्त करने के उद्देश्य के साथ यह संस्था पिछले 3 साल से धरातल पर कार्य कर रही है। जिसके तहत हर सप्ताह एक क्षेत्र तय कर उस क्षेत्र की साफ सफाई की जाती है। इसी के साथ लोगों को जागरूक किया जाता है। संस्था की ओर से कपड़े के बैग वितरित कर पॉलिथीन बैग के बहिष्कार की अपील की जाती है। वह और उनकी टीम को जंगल से सटे गांवों के लोगों व स्कूली बच्चों को प्लास्टिक व पॉलिथीन से होने वाले दुष्परिणामों की जानकारी देकर जागरूक कर रही है। यह लोग इलाके में कपड़े के बैग वितरित कर रहे हैं। इसके अलावा गणेश चतुर्थी के अवसर पर हर माह गणेश मंदिर परिक्रमा मार्ग व अष्टमी के अवसर पर कचीदा माता के मार्ग में जाने वाले लोगों को कपड़े के बैग वितरित कर पॉलीथिन के बहिष्कार करने के प्रति जागरूक करते हंै। इनकी ओर से रुणथंभौर के आसपास के स्कूलों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं व ग्रामीणों को बीच विभिन्न पर्यावरण प्रतियोगिताएं आयोजित की जाती हैं। इनमें वन्यजीव चित्र कला प्रतियोगिता, वन्यजीव भाषण प्रतियोगिता, पर्यावरण वाद विवाद प्रतियोगिता, वन्यजीव प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता, स्लोगन लेखन प्रतियोगिता,बाघ पर्यावरण निबन्ध प्रतियोगिता शामिल हैं।
पर्यावरण संरक्षण के लिए 3 साल से काम कर रहा युवा