पूर्वांचल प्रहरी कार्यालय संवाददाता गुवाहाटीः आगामी लोकसभा चुनाव के मद्देनजर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का चुनावी रैलियों और सभाओं का कार्यक्रम तेज हो गया है। इसी कड़ी में केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह बृहस्पतिवार को आगामी लोकसभा चुनाव के मद्देनजर एक दिवसीय दौरे पर असम आ रहे हैं। प्रदेश भाजपा सूत्रों के अनुसार केंद्रीय मंत्री सिंह बरपेटा म्यूनिसिपल ग्राउंड में भाजपा और असम गण परिषद (अगप) द्वारा संयुक्त उम्मीदवार फणिभूषण चौधरी के समर्थन में आयोजित एक विशाल सार्वजनिक सभा में भाग लेंगे। पार्टी सूत्रों की मानें तो जनसभा में भाग लेने से पहले राजनाथ सिंह बरपेटा सत्र जाएंगे और गुरु को श्रद्धांजलि देंगे। उल्लेखनीय है कि इस सीट से अगप के उम्मीदवार चौधरी ने चुनाव नहीं लड़ने की इच्छा जताई थी, लेकिन बाद में उन्हें मनाया गया और यहां से चौधरी को अगप-भजपा का संयुक्त प्रत्याशी के तौर पर घोषणा की गई। मालूम हो कि नए परिसीन पर अगर बात करें तो यह संसदीय सीट पर अब हिंदू मतदाता का दबदबा हो गया है, जबकि पहले यहां मुस्लिम मतदाताओं की संख्या थी। यहीं कारण है कि कांग्रेस पार्टी ने भी यहां से अल्पसंख्यक समुदाय के प्रत्याशी को उतारने की बजाए दीप बयान को चुनावी मैदान में उतारा है। हमारे गुवाहाटी संवाददाता के अनुसार लोकसभा चुनाव से पहले गृह मंत्री अमित शाह 15 मार्च को नगांव-होजाई का दौरा करने वाले थे और इसके लिए सारी तैयारियां कर ली गई थीं, लेकिन आखिरकार यह कार्यक्रम रद्द कर दिया गया। चुनाव के मौके पर गृह मंत्री के दौरे से पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों में जोश आने की उम्मीद थी, लेकिन कार्यक्रम रद्द होने से उन उम्मीदों पर पानी फिर गया। 15 मार्च को गृह मंत्री का नगांव जिले के बटद्रवा में महापुरुष श्रीमंत शंकरदेव के जन्मस्थान पर परियोजना के पूर्ण हो चुके खंड का उद्घाटन करने का कार्यक्रम था। गृह मंत्री अमित शाह ने 25 फरवरी 2021 को 188 करोड़ रुपए की लागत से बहुप्रतीक्षित बटद्रवा परियोजना के निर्माण का शुभारंभ किया था। इस परियोजना में एक ऊंचे गुरु आसन का निर्माण, सत्रिया संस्कृति को प्रतिबिंबित करने वाले विभिन्न शिल्पों वाला एक अतिथि गृह, एक संग्रहालय, एक पुस्तकालय, एक सांस्कृतिक केंद्र और एक उद्यान शामिल है। सीएम डॉ. शर्मा ने 10 मार्च को बटद्रवा परियोजना का दौरा कर कार्य की प्रगति का जायजा लिया था। इसके बाद गृह मंत्री ने परियोजना के पूर्ण खंड के उद्घाटन के कार्यक्रम की पुष्टि की थी। गृहमंत्री के आगमन के मद्देनजर युद्धकालीन जोश के साथ परियोजनाओं को अंजाम दिया गया था और प्रशासन ने परियोजना स्थल पर सुरक्षा कड़ी कर दी थी। तत्कालीन मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनोवाल की पहल में बटद्रवा थान की आकाशी गंगा के तट पर 165 बीघे भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया था और बाद में उसी स्थल पर बटद्रवा परियोजना का निर्माण शुरू किया गया।
एक दिवसीय दौरे आज असम पहुचेंगे राजनाथ