पूर्वांचल प्रहरी डेस्क संवाददाता गुवाहाटी : तीन लोकसभा सीटें जोरहाट, नगांव और बरपेटा को लेकर देश की सबसे पुरानी राजनीतिक पार्टी कांग्रेस के लिए सिरदर्द बन गई हैं। कांग्रेस ने अभी तक अपने उम्मीदवारों की सूची की घोषणा नहीं की है। लेकिन सांसद प्रद्युत बरदलै ने नगांव लोकसभा क्षेत्र में अपना चुनाव अभियान शुरू कर दिया है। कांग्रेस के शीर्ष सूत्रों के मुताबिक कलियाबर के सांसद गौरव गोगोई नगांव से चुनाव लडऩे को इच्छुक हैं। अगर गौरव गोगोई को नगांव सीट देनी पड़ी तो प्रद्युत बरदलै को बरपेटा से चुनाव लडऩे के लिए मनाने की कोशिश करनी पड़ेगी। इधर विपक्षी एकता मंच के सहयोगी दल सीपीएम ने बरपेटा लोकसभा क्षेत्र की मांग की है। यदि सीपीएम को बरपेटा निर्वाचन क्षेत्र दिया जाता है, तो विधायक मनोरंजन तालुकदार विपक्षी एकता मंच के उम्मीदवार हो सकते हैं। अन्यथा कांग्रेस सांसद प्रद्युत बरदलै को मैदान में उतारने की कोशिश करनी पड़ेगी।

प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष भूपेन बोरा भी सांसद गौरव गोगोई को जोरहाट लोकसभा क्षेत्र में खड़े करने की इच्छा रखते हैं। अगर गौरव गोगोई को नगांव निर्वाचन क्षेत्र से उम्मीदवार बनाया जाता है तो विकल्प के तौर पर पूर्व मंत्री प्रणति  फुकन का नाम सामने आता है। शिवसागर की बेटी तथा नाहरकटिया की बहू प्रणति फुकन की इमेज भी अच्छी है। लखीमपुर निर्वाचन क्षेत्र के लिए संभावित उम्मीदवार के रूप में रानी नरह पहले से ही प्रचार कर रही हैं, लेकिन कांग्रेस सूत्र के अनुसार एपीसीसी अध्यक्ष भूपेन बोरा चाहते हैं कि उदयशंकर हजारिका लखीमपुर निर्वाचन क्षेत्र से उम्मीदवार हों। इसी तरह वरिष्ठ नेता मीरा बरठाकुर ने गुवाहाटी लोकसभा क्षेत्र में अपना चुनाव अभियान शुरू कर दिया है। लेकिन भूपेन बोरा चाहते हैं कि पूर्व सांसद द्विजेन शर्मा गुवाहाटी लोकसभा क्षेत्र से उम्मीदवार हों। चूंकि भाजपा ने गुवाहाटी लोकसभा क्षेत्र में एक महिला उम्मीदवार को मैदान में उतारा है, इसलिए कांग्रेस भी आखिरकार मीरा बरठाकुर को ही मैदान में उतार सकती है।

कांग्रेस सूत्र के अनुसार धुबड़ी में रकिबुल हुसैन, कोकराझाड़ में गर्जन मुसाहारी, दरंग-उदालगुड़ी में माधव राजवंशी, सिलचर में नैऋता जयशुक्ला, करीमगंज में हाफिज रसीद अहमद चौधरी और डिफू में जयराम इंगलेंग को नामांकित करने की संभावना हैं। कांग्रेस नेतृत्व डिब्रूगढ़ लोकसभा क्षेत्र में असम जातीय परिषद के लुरिनज्योति गोगोई को नामांकित करने पर विचार कर रहा है। सूत्र ने कहा कि लुरिनज्योति गोगोई को चुनाव लडऩे में कोई दिलचस्पी नहीं है। यदि लुरिनज्योति गोगोई डिब्रूगढ़ लोकसभा क्षेत्र से चुनाव नहीं लड़ते हैं तो कांग्रेस 16-दलीय विपक्षी एकता मंच के सहयोगी दल आप के उम्मीदवार मनोज धनवार का समर्थन करेगी और अगर ऐसा हुआ तो यह डिब्रूगढ़ में भाजपा उम्मीदवार सर्वानंद सोनोवाल को वॉक-ओवर देने जैसा होगा। कांग्रेस नेतृत्व शोणितपुर लोकसभा सीट आप को देना चाहता है। ऐसे में शोणितपुर में आम आदमी पार्टी का उम्मीदवार होंगे ऋषिराज कौटिल्य। लेकिन आम आदमी पार्टी ने कांग्रेस के प्रस्ताव को मानने से इनकार कर दिया है।

एपीसीसी अध्यक्ष भूपेन बोरा ने मंगलवार को एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि हमने कल रात (सोमवार) भी आप के साथ बातचीत की है। हमने उन्हें सम्मानजनक स्थान दिया है। लेकिन उन्होंने इसे स्वीकार नहीं किया है। इसलिए मैंने अपने राष्ट्रीय नेतृत्व को आप नेतृत्व के साथ हुई चर्चा के बारे में सूचित कर दिया है। दूसरे शब्दों में कहें तो सीटों के समझौते को लेकर राज्य स्तर पर आप के साथ कोई सहमति नहीं बन पाई। तृणमूल कांग्रेस के साथ सीटों का समझौता होने की भी संभावना है। रिपुन बोरा के नेतृत्व वाली असम तृणमूल कांग्रेस चार निर्वाचन क्षेत्रों की मांग कर रही है। लेकिन 16 दलों वाला विपक्षी एकता मंच चार विधानसभा क्षेत्र तृणमूल कांग्रेस के लिए नहीं छोडऩा चाहता। ऐसी स्थिति में 16 दलों वाले विपक्षी एकता मंच के उम्मीदवारों की सूची 7 मार्च में जारी करने की संभावना नहीं है। सूत्र ने कहा कि कांग्रेस और विपक्षी एकता मंच 9 मार्च में उम्मीदवारों की सूची की घोषणा करेंगे।