नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आगामी लोकसभा चुनाव के बाद तीसरी बार उनकी सरकार बनने का विश्वास जताते हुए सोमवार को कहा कि देश के मिजाज को देखकर लगता है कि आम चुनाव में भारतीय जनता पार्टी को 370 सीटें और राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन को 400 से अधिक सीटें मिलेंगी। लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के जवाब में प्रधानमंत्री ने कांग्रेस को आड़े हाथ लिया और कटाक्ष किया कि विपक्षी दल के सदस्यों के बयानों से उन्हें विश्वास हो गया है कि उसने अर्से तक विपक्ष में बैठने का संकल्प ले लिया है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार का तीसरा कार्यकाल भी बहुत दूर नहीं है। ज्यादा से ज्यादा सौ-सवा सौ दिन रह गए हैं। मैं आमतौर पर आंकड़ों के चक्कर में नहीं पड़ता। लेकिन मैं देश का मिजाज देख रहा हूं। वह राजग को 400 सीटें पार कराके रहेगा। देश भाजपा को 370 सीटें अवश्य देगा।

इस दौरान प्रधानमंत्री ने जब बोला 'अबकी बार' तो भाजपा के सदस्य 'चार सौ पार' का नारा लगाते हुए सुने गए। मोदी ने अपने इस कथन को दोहराया कि मैं देश को अगले हजार वर्ष तक समृद्धि और सिद्धि के शीर्ष पर देखना चाहता हूं। हमारा तीसरा कार्यकाल अगले एक हजार वर्षों के लिए मजबतू नींव रखने का काम करेगा। देश के 140 करोड़ देशवासियों के सामथ्र्य पर मुझे अपार भरोसा है। प्रधानमंत्री ने अपने करीब पौने दो घंटे के भाषण में कहा कि  मै विशेष रूप से विपक्ष के संकल्प की सराहना करता हूं, उन्होंने लंबे अर्से तक वहां (विपक्ष दीर्घा में) बैठने का संकल्प ले लिया है। आप कई तक दशक तक जैसे यहां (सत्ता पक्ष की ओर) बैठे थे, वैसे ही कई दशक तक आपके वहां बैठने के संकल्प को जनता जरूर आशीर्वाद देगी। उन्होंने कहा कि आप जिस ऊंचाई पर हैं, उससे अधिक ऊंचाई पर पहुंचेंगे। अगले चुनाव के बाद आप दर्शक दीर्घा में दिखेंगे।मोदी ने किसी का नाम लिये बिना कहा कि विपक्ष में कई युवा सांसद हैं जिनमें उत्साह और उमंग है लेकिन उनकी छवि से किसी और की छवि न दब जाये, इसलिए उन्हें बोलने नहीं दिया जाता।

प्रधानमंत्री का कहना था कि कांग्रेस विपक्षी दल के रूप में अपना दायित्व निभाने में विफल रही तथा दूसरे विपक्षी दलों को उभरने का मौका नहीं दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को दस साल का समय मिला लेकिन उसने मजबूत विपक्ष बनने का प्रयास नहीं किया। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि विपक्ष ने जो संकल्प लिया है, उसकी सराहना करता हूं, उनके भाषण से यह संकल्प पक्का हो गया है कि उन्हें लंबे समय तक वहीं रहना है। मोदी ने कहा कि आप (विपक्ष) में से बहुत लोग चुनाव लड़ने का हौसला खो चुके हैं, कुछ ने पिछली बार सीट बदली थी और इस बार भी बदलने के प्रयास में हैं। उन्होंने कांग्रेस पर कटाक्ष करते हुए कहा कि (मल्लिकार्जुन) खरगे जी एक सदन से दूसरे सदन में चले गए, गुलाम नबी आजाद पार्टी से ही चले गए...एक ही प्रोडक्ट लॉन्च करने के प्रयास में 'कांग्रेस की दुकान' को ताला लगने की नौबत आ गई है। प्रधानमंत्री ने उम्मीद जताई कि तीसरी बार उनकी सरकार बनेगी और उनके तीसरे कार्यकाल में भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा। उनका कहना था कि कांग्रेस इस तरह से 'कैंसल कल्चर' में फंस गई है कि वह देश की सफलताओं को ही 'कैंसल' (निरस्त) कर रही है। मोदी ने कहा कि आज विपक्ष की जो हालत है उसकी सबसे ज्यादा दोषी कांग्रेस है। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाये गये धन्यवाद प्रस्ताव को सदन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जवाब के बाद ध्वनिमत से स्वीकृति दे दी।

प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर एक परिवार के बाहर नहीं देखने का आरोप लगाते हुए कहा कि देश ने जितना परिवारवाद का खामियाजा उठाया है, उसका खामियाजा कांग्रेस ने भी उठाया है। उन्होंने कहा कि अगर किसी परिवार के दस लोग भी अपनी योग्यता से राजनीति में आते हैं तो वह उसका स्वागत करते हैं। मोदी ने कहा कि हमने कभी इसे परिवारवाद नहीं कहा। नई पीढ़ी के अच्छे लोग आएं स्वागत योग्य है। हम एक ही पार्टी को परिवार द्वारा चलाये जाने, परिवार के लोगों को प्राथमिकता देने, परिवार के लोगों द्वारा ही सारे निर्णय लिये जाने को परिवारवाद कहते हैं। इसमें परिवार ही पार्टियां चलाते हैं। अध्यक्ष परिवार से ही होगा। यह लोकतंत्र के लिए खतरा है। उन्होंने कहा कि न राजनाथ जी का कोई राजनीतिक दल है, न अमित शाह की कोई पार्टी है। मोदी ने अभिभाषण में अल्पसंख्यकों का कोई उल्लेख नहीं होने संबंधी कुछ विपक्षी सदस्यों की टिप्पणियों पर निशाना साधते हुए कहा कि हो सकता है आपके यहां युवा, किसान, महिला और गरीब अल्पसंख्यक नहीं हों। हो सकता है आपके यहां जब नारी, युवाओं की बात होती है तो सबकी बात नहीं होती हो। आखिर कब तक समाज को बांटते रहोगे, टुकड़ों में तोड़ते रहोगे। मोदी ने विपक्षी दलों की ओर संकेत करते हुए कहा कि नेता बदल गए, टेप रिकॉर्डर वही बज रहा है। कोई नई बात नहीं आती नहीं... चुनाव का वर्ष है, कुछ मेहनत करते, कुछ नया निकालकर लाते, जनता को संदेश देने के लिए। प्रधानमंत्री ने कहा कि जब हम देश के तीसरी अर्थव्यवस्था बनने की बात करते हैं तो कांग्रेस के साथी मजाक बनाते हैं।

उन्होंने कहा कि लेकिन 2014 के अंतरिम बजट में तत्कालीन संप्रग सरकार के वित्त मंत्री ने भारत के दुनिया की 11वीं अर्थव्यवस्था बनने पर भी बड़ा गौरव जताया था और अगले तीन दशक यानी 2044 तक भारत की जीडीपी को अमरीका और चीन के बाद तीसरे स्थान पर पहुंचाने का विश्वास जताया था। मोदी ने कहा कि तब कांग्रेस के लोगों को दुनिया की 11वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने पर भी गर्व हो रहा था, लेकिन आज पांचवीं आर्थिक महाशक्ति बनने पर उन्हें गौरव का अनुभव नहीं हो रहा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के लोग सपना देखने का सामर्थ्य भी खो चुके थे, संकल्प तो दूर की बात थी। लेकिन हम आपके सामने विश्वास से खड़े हैं, इस पवित्र सदन में मैं आपको विश्वास दिलाता हूं कि हम तीस साल नहीं लगने देगे। यह मोदी की गारंटी है। मेरे तीसरे कार्यकाल में देश दुनिया की तीसरी आर्थिक महाशक्ति बन जाएगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की सुस्त रफ्तार का कोई मुकाबला नहीं, जबकि आज देश में जिस रफ्तार से काम हो रहा है, कांग्रेस की पूर्ववर्ती सरकार इसकी कल्पना भी नहीं कर सकती थी। मोदी ने कहा कि हमने गरीबों के लिए 4 करोड़ घर बनाए और शहरी गरीबों के लिए 80 लाख घर बनाए। कांग्रेस की रफ्तार से ये आवास बनते तो 100 साल लगते और पांच पीढ़ियां गुजर जातीं। हमने दस वर्ष में 40 हजार किलोमीटर रेल मार्ग का विद्युतीकरण किया। कांग्रेस की रफ्तार से देश चलता तो इस काम को करने में 80 साल लग जाते। चार पीढ़ियां गुजर जातीं।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने देश के सामर्थ्य पर कभी विश्वास नहीं किया।वे अपने आपको शासक मानते रहे और जनता जनार्दन को कमतर आंकते रहे, छोटा आंकते रहे। उन्होंने प्रथम प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के एक भाषण का हवाला देते हुए कहा कि वह मानते थे कि देश के लोग आलसी हैं और उनमें दूसरे देशों के नागरिकों के मुकाबले कम अक्ल है। मोदी ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने एक बार कहा था कि दुर्भाग्यवश हमारी आदत यह है कि जब कोई शुभ काम पूरा होने को होता है तो हम आत्मतुष्टि की भावना से ग्रस्त हो जाते हैं और कठिनाई आने पर नाउम्मीद हो जाते हैं। कभी तो ऐसा लगने लगता है कि पूरे राष्ट्र ने पराजय भावना को अपना लिया है। प्रधानमंत्री ने कहा कि आज कांग्रेस के लोगों को देखकर लगता है कि इंदिराजी देश के लोगों का सही मूल्यांकन नहीं कर पाईं, लेकिन कांग्रेस का सही आकलन उन्होंने किया था।

उन्होंने विपक्षी गठबंधन की ओर इशारा करते हुए कहा कि कुछ दिन पहले भानुमति का कुनबा जोड़ा गया लेकिन फिर 'एकला चलो रे' करने लग गए। कांग्रेस के लोगों ने नया-नया मोटर मैकेनिक का काम सीखा है और इसलिए एलाइनमेंट का ज्ञान तो उन्हें हो गया होगा लेकिन मैं देख रहा हूं कि अलायंस का ही एलाइनमेंट बिगड़ गया। इनको अपने इस कुनबे में अगर एक दूसरे पर विश्वास नहीं है तो ये लोग देश पर विश्वास कैसे करेंगे। हमें देश के सामथ्र्य पर, लोगों की शक्ति पर, भरोसा है। मोदी ने कहा कि उनकी सरकार ने पहले कार्यकाल में संप्रग के समय के 'गड्ढे भरने में' समय और शक्ति लगाई, दूसरे कार्यकाल में नए भारत की नींव रखी और तीसरे कार्यकाल में विकसित भारत के निर्माण को नई गति देंगे। उन्होंने पहले कार्यकाल में लागू स्वच्छ भारत, उज्ज्वला, आयुष्मान भारत, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ सुगम्य भारत, डिजिटल इंडिया जैसी अनेक योजनाएं भी गिनाईं। प्रधानमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार के दूसरे कार्यकाल में देश ने अनुच्छेद 370 खत्म होते हुए देखा, नारी शक्ति वंदन अधिनियम लागू होते देखा, अंतरिक्ष से ओलंपिक तक एवं सशस्त्र बलों से संसद तक नारी शक्ति के सामथ्र्य की गूंज देखी।