गुवाहाटी : भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे. पी. नड्डा ने कांग्रेस की प्रस्तावित 'भारत जोड़ो न्याय यात्रा पर सवाल खड़ा करते हुए सीधा हमला किया और कहा कि कांग्रेस की भारत जोड़ो न्याय यात्रा की जगह इस यात्रा का नाम भारत तोड़ो अन्याय यात्रा रखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि  कांग्रेस ने पिछले 70 साल देश की जनता पर हर तरह के अन्याय किए और भारत को विभाजित करने के लिए सब कुछ किया, लेकिन अब वे न्याय के लिए यात्रा का आयोजन कर रहे हैं। नड्डा ने बुधवार को गुवाहाटी के श्रीमंत शंकर देव कलाक्षेत्र में भाजपा की असम इकाई की कार्यकारिणी की समापन बैठक के दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि इस देश में जिस पार्टी ने देश की जनता को सबसे अधिक प्रताडि़त किया और अपने सत्तासुख के देश को तोडऩे की दिशा में कोई कसर नहीं छोड़ी, वह पार्टी आज भारत जोड़ो यात्रा निकाल कर लोगों की आंखों में धूल झोकने के अलावा कुछ नहीं कर रही है। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्रियों के सीधे निशाने पर लेते हुए कहा कि देश के विभाजन के दौरान श्यामा प्रसाद मुखर्जी और लोकप्रिय गोपीनाथ बरदलै के अथक प्रयास के कारण पूर्वोत्तर पाकिस्तान में जाने से बचा, जबकि जवाहर लाल नेहरू इस पूरे क्षेत्र को विभाजन और चीन के साथ युद्ध में हारने के बाद बाईबाई कह दिया था। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री नेहरू से लेकर मनमोहन सिंह के कार्यकाल तक 90 बार चुनी हुई सरकार को बर्खास्त किया गया था। साथ ही सर्वोच्च न्यायालय ने साहबानों को न्याय देते हुए अपना फैसला सुनाया, जबकि पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी ने संसद में नया कानून बनाकर फैसले को पलटते हुए एक पीडि़ता को उसके हाल पर छोड़ दिया था। ऐसी पार्टी आज सिर्फ वोट लेने के लिए ही इस यात्रा को निकाल रही है। उन्हें देश की जनता से कोई लेने देने नहीं है।

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नड्डा ने विपक्षी गठबंधन 'इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इनक्लूसिव अलायंस (इंडिया) की आलोचना की और दावा किया कि इसका गठन काले धन और संबंधित दलों के नेताओं के परिवारों की रक्षा के लिए किया गया है। उन्होंने कहा कि इसमें शामिल सभी नेताओं के खिलाफ केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) में मामले दर्ज हैं। यह व्यक्तिगत लाभ के लिए बनाया गया गठबंधन है। इसका भारत से कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने कांग्रेस की आलोचना करते हुए बुधवार को कहा कि हाल में मालदीव विवाद को लेकर अपनी प्रतिक्रिया के कारण यह पार्टी देश में विपक्षी दल बनने के लायक भी नहीं है। नड्डा ने मालदीव के तीन मंत्रियों के हालिया बयान को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की प्रतिक्रिया की आलोचना की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार चलाने में सक्षम नहीं थे। अब वे विपक्षी दल बनने के भी लायक नहीं हैं। मालदीव के साथ हाल में हुए विवाद पर खरगे ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर हर बात को निजी तौर पर लेने का आरोप लगाया था। उन्होंने बैठक में भाजपा के सभी नेताओं और कार्यकार्ताओं से अह्वान करते हुए कहा कि ऐसे दलों से देश की रक्षा के लिए सभी को लोकतांत्रिक तरीके से अपनी अहम भागीदारी निभानी होगी।

उन्होंने असम में 2024 में होने वाले लोकसभा चुनाव का बिगुल फूंकते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस देश में सरकार की कार्यशैली को बदल दिया, जिसके कारण ही आज पूरे भारत में मोदी के नेतृत्व को समर्थन कर रहे हैं। हमें पूरा विश्वास है कि आगामी लोकसभा चुनाव में इस बार एनडीए 400 के पार जाएगी और मोदी के नेतृत्व में तीसरी बार सरकार का गठन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि केंद्र में भाजपा नीत गठबंधन की सरकार गठन होने के बाद से असम सहित पूर्वोत्तर में ढांचागत विकास काफी तेजी से हुआ। प्रधानमंत्री खुद यहां 60 बार दौरा कर चुके हैं। भाजपा ने चुनावी घोषणा पत्र में जो भी असम की जनता से वादा की थी उसे लगभग पूरा किया गया है। यहां काफी तेजी से सामाजिक, आॢथक और सांस्कृृतिक क्षेत्र में परिर्वतन किए गए हैं। मोदी सरकार गरीब, युवा, महिलाओं और किसानों के सशक्तिकरण के प्रतिबद्ध है। केंद्र सरकार ने असम के विकास को प्रमुख्त से तरजीह दी है, जिसका परिणाम सबके सामने है। उल्लेखनीय है कि नेड्डा उग्रवाद, शांति लाने का प्रयास, उद्योग क्षेत्र के विकास, सबका साथ, सबका विकास, बीपीएल, आयुष्मान भारत कार्ड सहित कई केंद्रीय योजना का उल्लेख करते हुए पार्टी कार्यकर्ताओं को कमल को खिलाने का अह्वान किया। उल्लेखनीय है कि भाजपा की  कार्यकारिणी बैठक आज हुई, जिसमें भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी वैजयंत जय पांडा, राष्ट्रीय सचिव तथा राज्यसभा सांसद कामाख्या तासा, प्रदेश प्रभारी पवन शर्मा, भाजपा पूर्वोत्तक के संयोजक तथा पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्त संबित पात्रा,केंद्रीय राज्यमंत्री रामेश्वर तेली, प्रदेश भाजपा कार्यकारिणी के सभी सदस्य, भाजपा के सभी जिला समिति के अध्यक्ष, सभी मोर्चा के अध्यक्ष व सचिव, पार्टी के सभी सांसद, विधायक के अलावा पार्टी के सभी पूर्व अध्यक्षों ने भाग लिया।