नई दिल्ली : पश्चिम बंगाल में पंचायत चुनाव के दौरान हुई हिंसा को लेकर केंद्रीय मंत्री स्मृति इरानी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधा। उन्होंने राहुल से पूछा कि क्या ऐसी घटनाएं उन्हें स्वीकार्य हैं, क्योंकि उनकी पार्टी अगले साल होने वाले लोकसभा चुनाव से पहले विपक्षी एकता का हिस्सा बन चुकी है। इरानी ने कहा कि बंगाल के पंचायत चुनाव में जिस प्रकार से लोकतंत्र की हत्या होते हुए लोग देख रहे हैं, जहां लोकतांत्रिक अधिकारों को जताने के लिए लोगों को मौत के घाट उतारा जा रहा है। आज उसी तृणमूल के साथ कांग्रेस हाथ मिला रही है।

उन्होंने सवाल किया कि क्या उनसे हाथ मिलाना मंजूर है उन्हें, जो पश्चिम बंगाल में कहर मचा रहे हैं? मौत का यह खेला राहुल गांधी को स्वीकार है? बंगाल के विभिन्न हिस्सों में पंचायत चुनाव के दौरान हुई हिंसा और अनियमितताओं के आरोपों के खिलाफ रविवार को विरोध-प्रदर्शन हुए। पूर्व मेदिनीपुर जिले में भाजपा कार्यकर्ताओं ने नंदकुमार में हल्दिया-मेचेदा राज्य राजमार्ग को अवरुद्ध कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि श्रीकृष्णपुर हाई स्कूल में मतगणना केंद्र पर मतपेटियों के साथ छेड़छाड़ की जा रही है।

तमलुक में भाजपा की युवा शाखा के नेता तमस डिंडा ने कहा कि हमें तड़के तीन बजे सूचना मिली कि मतपेटियां बदली जा रही हैं। हम केंद्रीय बलों की सुरक्षा में क्षेत्र के सभी मतदान केंद्र पर पुनर्मतदान के अलावा मतदान केंद्रों पर ही मतों की गिनती कराने की मांग कर रहे हैं। मतदान के दौरान हुई हिंसा के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भी मालदा के रथबाड़ी इलाके में राष्ट्रीय राजमार्ग-12 को अवरुद्ध कर दिया। कांग्रेस के नेता व सांसद अबू हासेम खान चौधरी ने कहा कि शनिवार को हुई हिंसा के विरोध में हम सड़कों पर उतरे हैं। हम इसके खिलाफ अदालत भी जाएंगे। मालदा के हरिश्चंद्रपुर इलाके के बस्ता गांव में शनिवार रात करीब 10 बजे कुछ बदमाशों ने राज्य मंत्री तजमुल हुसैन की कार में तोडफ़ोड़ की। पथराव के दौरान एक पुलिस वाहन में भी तोडफ़ोड़ की गई। हमले में एक पुलिसकर्मी घायल हो गया। पुलिस ने बताया कि ऐसा संदेह है कि इस घटना के पीछे बिहार के बदमाशों का हाथ है और जांच जारी है।