जयपुर (एजेंसी) : राजस्थान के मु्ख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा है कि वह विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी का हिंदुत्व का अजेंडा नहीं चलने देंगे। गहलोत ने भाजपा पर लोगों को लड़वाने का आरोप लगाते हुए खुद को बड़ा हिंदू और गाय का सेवक बताया है। गहलोत ने कहा कि हमारी आस्था हिंदू धर्म में उनसे ज्यादा है। कुछ लोग राम मंदिर की राजनीति के लिए हिंदू बने। ऐसे लोगों का हिंदू धर्म से कोई वास्ता नहीं है। जालौर में बुधवार को मीडिया से बातचीत करते हुए गहलोत ने बताया कि कैसे उन्होंने लंपी वायरस से गायों की मौत के मामलों में किसानों को 40 हजार रुपए मुआवजा दिया। उन्होंने कहा कि वह गायों के लिए काम करते हैं, लेकिन उनके नाम पर वोट नहीं मांगते हैं।

गहलोत ने कहा कि गायों का बीमा भी करवा दिया है, इलाज भी मुफ्त है। मनुष्यों के लिए दवा फ्री की तो पशुओं के लिए भी कर दिया। सब काम तो हम लोग कर रहे हैं, लेकिन फिर भी हम गाय माता के नाम पर वोट की बात नहीं करते। ये लोग उसके नाम पर वोट की बात करेंगे, धर्म के नाम पर वोट की बात करेंगे। तो क्या हम लोग हिंदू नहीं हैं क्या, हमारी आस्था उनसे ज्यादा है हिंदू धर्म के अंदर। गहलोत ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि उनमें कई ऐसे हैं जिनका वास्ता हिंदू धर्म से नहीं है, केवल राम मंदिर के नाम पर राजनीति करने के लिए हिंदू बने। उनके ही लोग हिंदू धर्म को नहीं मानते।

फिर भी वो लोग बन गए क्योंकि वोटों की राजनीति करनी थी। अब धीरे-धीरे पोल खुल रही है। राजस्थान में हम उनका अजेंडा नहीं बनने देंगे हिंदुत्व को लेकर। राजस्थन में सभी धर्म जाति मिलकर राजनीति करेंगे। लोकतंत्र को मजबूत करेंगे। वोटों के अधिकारों को सुरक्षित रखेंगे। महात्मा गांधी, पंडित नेहरू, सरदार पटेल, मौलाना आजाद और आंबेडकर साहब ने बहुत बड़ा अधिकार पब्लिक को दिया। तब जाकर हम लोग बैठे हैं लोकतंत्र में। लोकतंत्र उतस्व की तरह है। हर गरीब के आगे भी हाथ जोडऩा पड़ता है, आशीर्वाद मांगना पड़ता है।