पूरे राज्य में कर्फ्यू तथा सात जिलों में पूर्ण लॉकडाउन जारी रहने के बावजूद कोविड संक्रमण पर काबू पाना प्रशासन तथा स्वास्थ्य विभाग के लिए मुश्किल साबित हो रहा है। राज्य में खासकर गोलाघाट, लखीमपुर तथा शोणितपुर जिलों में कोविड की स्थिति काफी चिंताजनक है। कोविड संक्रमण पर काबू पाने में नाकाम होने के कारण सरकार ने तात्कालिक प्रभाव से गोलाघाट जिले के उपायुक्त का तबादला कर दिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार कोविड संक्रमित जिलों में शीर्ष स्थान पर रहे गोलाघाट जिले में बृहस्पतिवार को जिले के संरक्षक मंत्री चंद्रमोहन पटवारी कोविड स्थिति का जायजा लेने पहुंचे। जिला प्रशासन तथा स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक करने के बाद मंत्री को पता चला कि गोलाघाट जिला उपायुक्त मानवेंद्र प्रताप सिंह अपने दायित्व का निर्वाह सही तरह से नहीं कर रहे हैं और इसीलिए कोविड संक्रमण पर काबू पाने में भी नाकाम रहे। इसी सिलसिले में शुक्रवार को सरकार ने गोलाघाट जिला उपायुक्त के रूप में मृगेश नारायण बरुवा को नियुक्त किया। उल्लेखनीय है कि बृहस्पतिवार को गोलाघाट जिले में 280 लोग कोविड संक्रमित हुए हैं। इसी तरह लखीमपुर जिले में 285 तथा शोणितपुर जिले में 173 लोग संक्रमित हुए हैं। शुक्रवार को विश्वनाथ जिले की कोविड स्थिति का जायजा लेने पहुंचे जिले के संरक्षक मंत्री पीयूष हजारिका ने जिले में लॉकडाउन जारी रहते राजमार्ग पर लोगों की भीड़ देखकर चकित रह गए। मंत्री ने देशी शराब की भट्टियों से कोविड संक्रमण बढ़ने की शिकायत की। इधर विधायक पद्म हजारिका ने व्यक्त किया कि राजमार्ग पर लोगों की भीड़ के कारण शोणितपुर जिले के जामुगुरीहाट में सेना ने फ्लैग मार्च किया। ग्वालपाड़ा जिले में मंत्री बिमल बोरा ने कोविड स्थिति का जायजा लेते हुए देखा कि लॉकडाउन के निर्देश का उल्लंघन करके राजमार्ग पर वाहनों की यातायात जारी है। गुवाहाटी में भी हाल ही में संक्रमण बढ़ने के कारण स्वास्थ्य विभाग चिंतित हो रहा है। प्रशासन ने महानगर में कर्फ्यू के दौरान लोगों का प्रातःभ्रमण तथा सायंभ्रमण पर प्रतिबंध लगाया है। इसके अलावा प्रशासन ने कोई लोग अन्य जिले से गुवाहाटी न आ सके इसके लिए आवश्यक कदम उठाया है।