देश में कोविड का संक्रमण घटने के दौरान असम में 18 साल के नीचे के बच्चों व किशोरों का संक्रमण बढ़ने पर केंद्र सरकार ने चिंता प्रकट की। उल्लेखनीय है कि कोविड की दूसरी लहर में असम में 1 अप्रैल से 26 जून तक बच्चों व किशोरों की संक्रमण दर 96.67 प्रतिशत रही, जो देश के अन्य राज्यों की तुलना में काफी ज्यादा है। हाल ही में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम), असम की ओर से प्रकाशित इस आंकड़े से चिंतित केंद्र सरकार इस संदर्भ में सलाह-मशविरा के लिए शीघ्र ही राज्य में केंद्र से एक टीम भेजने की संभावना है। मालूम हो कि उक्त 96.67 प्रतिशत संक्रमित बच्चों व किशोरों में से 55 प्रतिशत की उम्र 5 साल से कम है। एनएचएम के आंकड़ों के अनुसार जहां कोविड की पहली लहर के दौरान 18 साल के नीचे के 17,457 बच्चों व किशोर संक्रमित हुए थे वहीं दूसरी लहर में सिर्फ 87 दिनों के अंदर 34,333 संक्रमित हो गए। पहली लहर के दौरान 5 साल की उम्र के नीचे वाले 3,014 बच्चे संक्रमित हुए थे वहीं दूसरी लहर में 5,778 संक्रमित हो गए। इसी प्रकार पहली लहर के दौरान 6-18 साल के उम्र वाले 14,443 संक्रमित हुए थे वहीं दूसरी लहर में 28,555 संक्रमित हो गए। इसका मतलब है कि 0-5 साल की उम्र के बच्चों में संक्रमण पहली लहर से दूसरी लहर में 91.71 प्रतिशत बढ़ गई तथा 6-18 साल की उम्र के बच्चों में पहली लहर से दूसरी लहर में 97.71 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई है। 18 साल के नीचे के बच्चों व किशोरों का कामरूप महानगर जिले में 5,346 संक्रमण हुआ है जो सर्वाधिक है। इसके बाद डिब्रुगढ़ जिले में 2,430, नगांव जिले में 2,228. कामरूप ग्रामीण जिले में 2,023 तथा शोणितपुर जिले में 1,839 बच्चे व किशोर संक्रमित पाए गए। बच्चों व किशोरों में सिर्फ संक्रमण दर में ही नहीं बल्कि मृत्यु दर में भी करीब तीन गुणा वृद्धि दर्ज की गई। कोविड की पहली लहर में 0-5 सालों के 3 बच्चों की मौत हुई थी पर दूसरी लहर में 19 बच्चों की मौत हुई है। इसी प्रकार कोविड की पहली लहर में 6-18 सालों के मौत की संख्या छह थी पर दूसरी लहर में यह संख्या 15 तक बढ़ गई। इसीलिए केंद्र सरकार स्वभावतः चिंतित हो रही है।
असम में कोरोना की दूसरी लहर : बच्चों की संक्रमण दर 96 प्रतिशत, केंद्र चिंतित
