लखनऊ : बहुजन समाज पार्टी (बसपा) अध्यक्ष मायावती ने मंगलवार को संसद के बजट सत्र के पहले दिन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा दिए गए अभिभाषण को महंगाई और बेरोजगारी से त्रस्त जनता को सांत्वना देने के लिहाज से कमतर करार दिया है। मायावती ने सिलसिलेवार ट्वीट कर कहा कि माननीया राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू जी द्वारा संसद के बजट सत्र के पहले दिन आज अभिभाषण में केंद्र की ओर से कही गई बातें तथा किए गए दावे महंगाई, गरीबी, बेरोजगारी आदि से त्रस्त देश की 100 करोड़ से अधिक जनता को सांत्वना और शान्ति के लिए बहुत कम है।

लोग सुखी होंगे तभी देश बढ़ेगा।उन्होंने एक अन्य ट्वीट में कहा कि सरकार की आन्तरिक एवं आर्थिक नीति ऐसी होनी चाहिए जिससे कि गरीबी एवं बेरोजगारी दूर हो, ताकि लोगों का जीवन थोड़ा बेहतर हो, लेकिन सरकार की नीति के कारण देश में अमन-चैन, सुख-समृद्धि, विकास व खुशहाली का माहौल बिगड़ा है। उन्होंने कहा कि जनता की जेब का खाली होना और कुछ लोगों के हाथों में देश की पूंजी का सिमटना देश की प्रगति के लिए घातक है।