राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित करती हुई नरेन्द्र मोदी सरकार के नजरिए पर प्रकाश डाला। राष्ट्रपति ने कहा कि वर्तमान सरकार विरासत के साथ-साथ विकास पर जोर दे रही है। सभी वर्गों के कल्याण के लिए कई योजनाएं चल रही हैं। राष्ट्रपति के अभिभाषण में आतंकवाद, बुनियादी ढांचा, मेक इन इंडिया एवं ग्रीन ग्रोथ पर विशेष जोर दिया गया है। महिला सशक्तिकरण सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। देश-विदेश की बड़ी कंपनियां निर्माण के क्षेत्र में आगे आ रही हैं। रक्षा के क्षेत्र में बढ़ा छह गुना निर्यात यह दर्शाता है कि मोदी सरकार हथियारों एवं इससे जुड़ी अन्य वस्तुओं के उत्पादन को उच्च प्राथमिकता दे रही है। मोदी सरकार ने मेक इन इंडिया के तहत स्वदेशी युद्धपोत आईएनएस विक्रांत का निर्माण किया है जो भारतीय नौसेना की ताकत को बढ़ा रहा है। अब भारतीय हथियारों की विदेशों में मांग होने लगी है। आतंकवाद के मुद्दे पर सरकार सख्त रुख अपना रही है। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 को हटाकर सरकार ने आतंकियों एवं अलगाववादियों जो बड़ी चोट की है उसका सकारात्मक नतीजा अब सामने आ रहा है। एविएशन सेक्टर को समृद्ध करने के लिए देश में कई जगहों से क्षेत्रीय उड़ाने शुरू की गई हैं। इससे आवागमन बढ़ेगा तथा नए अवसर पैदा होंगे। महिला सशक्तिकरण के तहत बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ योजना पर तेजी से काम चल रहा है। इसका नतीजा यह हुआ है कि देश में महिलाओं की संख्याओं का अनुपात पहले से बढ़ा है। सरकार की मुद्रा योजना का 70 प्रतिशत लाभार्थी महिलाएं हैं। बुनियादी ढांचा के विकास पर मोदी सरकार जोर दे रही है। पिछले आठ वर्षों के दौरान देश में मेट्रो नेटवर्क तिगुना हुआ है। 27 शहरों में मेट्रो नेटवर्क का काम चल रहा है। इसी तरह पिछले नौ वर्षों के दौरान सड़क नेटवर्क दुगुना हो गया है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी लगातार डिजिटल व्यवस्था पर जोर दे रहे हैं। केंद्र सरकार की 300 योजनाओं के तहत डिजिटल माध्यम से लाभार्थियों के पास 27 लाख करोड़ रुपए पहुंच चुके हैं। सरकारी कामों के टेंडर एवं खरीद के क्षेत्र में ई-मार्केट प्लस व्यवस्था चल रही है। देश की विरासत की रक्षा के प्रति सरकार गंभीर है। सुभाषचन्द्र बोस एवं आजाद हिंद फौज को अहमियत देने, अंडमान निकोबार द्वीप समूह के 21 द्वीपों का नामकरण परमवीर चक्र विजेताओं के नाम करने, राष्ट्रपति भवन के मुगल गार्डेन का नाम अमृत उद्यान करना तथा राजपथ का नाम कर्तव्य पथ करना इसका उदाहरण है। राष्ट्रपति के अभिभाषण में यह दर्शाया गया है कि मोदी सरकार भारत की प्रतिष्ठा को दुनिया में लगातार बढ़ा रही है।
राष्ट्रपति का अभिभाषण
