जयपुर : राजस्थान में कोरोना को लेकर गहलोत सरकार अलर्ट मोड पर है। प्रदेश में कोविड प्रबंधन के लिए आज मंगलवार को राजकीय चिकित्सा संस्थानों में मॉकड्रिल आयोजित की गई। प्रमुख शासन सचिव चिकित्सा शिक्षा टी रविकांत ने बताया कि कोविड संक्रमण बढ़ने पर बेहतरीन प्रबंधन सुनिश्चित करने के लिए यह मॉकड्रिल आयोजित की गयी। एसएमएस मेडिकल कॉलेज एवं संबद्ध अस्पतालों सहित प्रदेश के सभी चिकित्सा संस्थानों में आयोजित इस मॉकड्रिल में ओपीडी एवं आईपीडी की व्यवस्थाओं, ऑक्सीजन जनरेशन प्लांट्स एवं स्टोरेज टैंक, वेंटीलेटरर्स एवं ऑक्सीजन कंसनटेऊटर्स की क्रियाशीलता, आईसीयू बैड्स एवं साधारण बैड्स की उपलब्धता, दवा वितरण केंद्रों में उपलब्ध दवा स्टॉक, चिकित्सकीय एवं नर्सिंग स्टाफ की उपलब्धता सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का चिकित्साधिकारियों एवं प्रशासनिक अधिकारियों ने जायजा लिया। शासन सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग डॉ. पृथ्वी ने बताया कि मॉकड्रिल के दौरान सभी उपकरणों को सुचारू रखवाने, आवश्यकता पड़ने पर आईसोलेशन वार्डों की व्यवस्था सुनिश्चित रखने, कोविड सैम्पल सेन्टर्स को सक्रिय रखने सहित विभिन्न आवश्यक पहलुओं का गंभीरता से निरीक्षण किया गया एवं संबंधित कार्मिकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि प्रदेश में पिछले सप्ताहों की रिपोर्टस के अनुसार कोविड पॉजिटिवीटी रेट मात्र 0.1 प्रतिशत है और वर्तमान स्थिति एकदम सामान्य है फिर भी किसी भी प्रकार की आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए प्रदेश में चिकित्सा व्यवस्थाएं पूरी तरह सुदृढ़ है। बता दें, इससे पहले सीएम गहलोत ने कोरोना को लेकर उच्च स्तरीय बैठक की थी। बैठक में बताया गया कि सार्वजनिक स्थानों पर मास्क का उपयोग करना चाहिए। मास्क कोविड के अलावा अन्य बीमारियों में भी लाभदायक है। मास्क पहनने से टीबी सहित कई गम्भीर बीमारियों के मरीजों की संख्या में गिरावट दर्ज की गई है। राज्य में आमजन की कोविड के प्रति रोग प्रतिरोधक क्षमता और वैक्सीनेशन की स्थिति काफी अच्छी है।
कोविड को लेकर अलर्ट मोड पर गहलोत सरकार मॉक ड्रिल आयोजित, सीएम गहलोत बोले- नहीं घबराए