गोलाघाटः गोलाघाट जिला कृषि विभाग में व्याप्त भ्रष्टाचार को उजागर किए जाने के बाद कल एक पत्रकार सम्मेलन के जरिए मंत्री अतुल बोरा ने विभाग के आधिकारियों पर लगे अरोपों का खंडन करते हुए उनका बचाव किया था। जिसके बाद आज पुनः खुमटाई के विधायक मृणाल कुमार सैकिया ने अपने आवास पर भुक्तभोगी तथा वंचित किसानों की मौजूदगी में एक सभा का आयोजन कर मंत्री अतुल बोरा को कृषि विभाग के आधिकारियों-कर्मियों का बचाव किए जाने पर नाराजगी जताते हुए कहा कि हम हैं निधिराम सरदार, हम बिना हथियार वाले सिपाही। कृषि विभाग के साधारण ग्राम सेवक जब विधायक का ही फोन नहीं उठाते तो मंत्री को क्या महत्व देंगे? साथ ही उन्होंने कहा कि आरोपी ग्राम सेवक हरेन सैकिया खुमटाई केंद्र के दायित्व पर न होने का मंत्री अतुल बोरा द्वारा खंडन किए जाने पर विधायक ने आरोपी ग्राम सेवक द्वारा किसानों के साथ सभा में मौजूदगी की तस्वीरे प्रमाण के रुप में पेश किए जाने का दावा किया। हालांकि, इस घटना की जांच के लिए मंत्री अतुल बोरा ने अतिरिक्त सचिव स्तरीय जांच की घोषणा की है। लेकिन विधायक मृणाल सैकिया ने इस विषय को मुख्यमंत्री विजिलेंस विभाग द्वारा कराए जाने की मांग की। विधायक ने विभाग में व्याप्त भ्रष्टाचार के कारण ही जरूरतमंद किसान इन योजनाओं से वंचित होने की बात कही। इसके अलावा उन्होंने विभाग के अधिकारियों के पास सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त कर रहे किसानों की सूची प्रस्तुत न कर पाने पर गंभीर सवाल खड़े किए। इस दौरान किसानों ने खुमटाई के खेतों में भी आमंत्रित कर कृषि मंत्री को खुली चुनौती देते हुए कहा कि वे एक बार यहां आकर देखें कि विभाग की ओर से किसानों को दिए जाने वाले बीज किस मानदंड के हैं। इसके अलावा विभाग के अधिकारियों पर मंत्री के घनिष्ट लोगों को ही विभाग की सामग्रियां प्रदान किए जाने के आरोप लगाए। वहीं इस संवादमेल में उपास्थित भोलागुरी गांव के किसान बीमान सैकिया ने विभाग के एक अधिकारी पर पावर टिलर आवंटन के एवज में दो हजार रुपए की रिश्वत लेने का भी आरोप लगाया। वहीं संवादमेल के दौरान उपस्थित भुक्तभोगी तथा वंचित किसानों ने बारी बारी से विभाग के अधिकारी तथा कर्मियों द्वारा किए गए बरताव की आपबीती सुनाई।
विधायक मृणाल सैकिया व किसानों ने दी खुली चुनौती
