गोलाघाटः राज्य के कृृषि मंत्री के गृह जिले में सत्ता पक्ष के विधायक मृणाल सैकिया ने खुद ही कृृषि विभाग की पोल खोली। पिछले कई दिनों से लगातार खुमटाई के किसानों ने जिला कृृषि विभाग के अधिकारियों द्वारा रिश्वत मांगे जाने की शिकायतें मिलने पर आज विधायक मृणाल सैकिया ने जिला कृृषि विभाग के कार्यालय पहुंचकर आरोपी अधिकारी हरेन सैकिया को सरेआम पांच सौ रुपए देकर एक किसान को पीएम कृृषि योजना से संबंधित दस्तावेज पर हस्ताक्षर करने की बात कही। साथ ही उन्होंने लाभार्थी किसानों की मौजूदगी में कृृषि विभाग द्वारा प्रदान की जाने वाली विभिन्न योजनाओं का लाभ प्रदान किए जाने के दौरान किसानों से रिश्वत मांगे जाने के आरोपों को सबके सामने उजागर करते हुए अधिकारियों को लताड़ लगाई। इसके साथ ही विधायक ने विभाग की बीज के गोदामों का भी निरीक्षण किया और यह भी आरोप लगाया कि सरकार द्वारा किसानों के लिए प्रदान किए जाने वाले बीज और अन्य कृृषि उपकरण केवल बीस प्रतिशत किसानों में बांटने के बाद शेष अस्सी प्रतिशत किसानों को इन योजनाओं का लाभ देने के दौरान विभाग के अधिकारियों द्वारा भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ा दिया जाता है। जिसके कारण जरूरतमंद किसानो को कार्यालय के चक्कर लगाने पड़ते हैं। साथ ही उन्होंने मुख्यमंत्री के विजिलेंस टीम को राज्य की सभी कृृषि विभाग के कार्यालयों में इस विषय पर नजर डाले जाने का आह्वान किया। एक तरफ जहां आज विधायक द्वारा अधिकारियों को लाभार्थी किसानों को सभी योजनाओं का लाभ प्रदान करने की हिदायत भी दी। वहीं किसानों ने भी संवाददाताओं के सामने आरोपी अधिकारी को रिश्वत देने की बात कही। हालांकि अधिकारी ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इंकार किया है।
खुमटाई के विधायक सैकिया ने खोली जिला कृृषि विभाग के रिश्वतखोर अधिकारी की पोल
