रंगियाः प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी रंगिया में स्थापित श्रीश्री दिगंबर जैन मंदिर में धार्मिक विधि विधान के साथ पर्यूषण महापर्व मनाया गया। विगत वर्ष कोरोना महामारी के बाद इस वर्ष मंदिर प्रांगण में महापर्व को रंगिया जैन समाज द्वारा विधि विधान व धूमधाम से मनाया गया है। इस वर्ष मंदिर प्रांगण में पर्यूषण पर्व का शुभारंभ गत 31 अगस्त को पंडित कुमुद जैन सोनी अजमेर तथा नमिता जैन बेलगांव कर्नाटक संगीतकार के दिशा निर्देश में झंडारोहण अभिजीत काला, मंगल कलश सुरेश गंगवाल, अभिषेक, शांतिधारा, नित्य नियम व दशलक्षण पर्व पूजन के साथ किया गया। महापर्व के उपलक्ष्य में रंगिया जैन मंदिर को भव्य रूप से सजाया गया। मंदिर संचालन समिति के अध्यक्ष अशोक पहाड़िया, उपाध्यक्ष राजकुमार पांड्या, महामंत्री प्रद्युमन बड़जात्या, सह सचिव मनीष गंगवाल व अभिजीथ काला तथा कोषाध्यक्ष विनोद पांड्या के नेतृत्व मे समाजबंधु आनंदी लाल गंगवाल, रमेश सरावगी, कैलाशचंद काला, सुशीला देवी गंगवाल, सुशीला देवी पहाड़िया, प्रेम लता काशलीवाल, महिला मंडल अध्यक्ष शकुंतला देवी गंगवाल, सुनीता देवी पांड्या, मंत्री सुमित्रा देवी पांड्या, सुशीला देवी पांड्या, रेखा देवी पांड्या, उषा देवी पांड्या, सरोज पहाड़िया, संतोष देवी काला, रेखा देवी सेठी के सहयोग से सभी कार्यक्रम का पालन किया गया। इसमें पूजन में सहयोग आदर्श पांड्या, सुमित काला, विनोद पांड्या, आलोक पांड्या, अशोक काला, श्रीपाल पहाड़िया, रोहित पांड्या, नीरज बगड़ा, पंकज गंगवाल तथा सांस्कृतिक धार्मिक कार्यक्रमों में विशेष सहयोग विनीता बड़जात्या, बबिता बाकलीवाल, छवि बाकलीवाल, रबीना कासलीवाल, यामिनी गंगवाल, सरिता देवी बगड़ा का धन्यवाद ज्ञापन किया गया है। वहीं विशेष सहयोग भागचंद पांड्या परिवार, श्रीपालचंद पहाड़िया व भंवर लाल ललित कुमार पांड्या परिवार का आभार व्यक्त किया गया है। मालूम हो कि सकल दिगंबर जैन समाज रंगिया अंतर्गत पर्युषण पर्व पर दशलक्षण पर्व के दस उपवास की साधना में रत रहने वाले क्रमशः तपस्वी किरण देवी कासलीवाल, तपस्विनी श्रीमती राखी देवी छाबड़ा, तपस्वी यश कासलीवाल तथा तीन वर्षों से रत्नत्रय तपस्विनी सुश्री सुमित्रा देवी पांड्या के उत्कृष्ट साधना की कृत कारित अनुमोदना की गई। सामाजिक अभिनंदन तथा पारणा के साथ दशलक्षण महापर्व संपन्न होने की जानकारी महामंत्री प्रद्युमन बड़जात्या ने दी है।