नई दिल्ली : विमानन क्षेत्र के नियामक डीजीसीए ने इंदौर हवाईअड्डे पर समुचित रूप से प्रशिक्षित नहीं किए गए पायलट को भी विमान उतारने की अनुमति देने के लिए विस्तारा एयरलाइन पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) के अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को बताया कि इस उड़ान के फस्र्ट ऑफिसर के रूप में तैनात पायलट ने सिम्युलेटर में जरूरी प्रशिक्षण लिए बिना विमान को इंदौर हवाई अड्डे पर उतारा था। एक अधिकारी ने कहा कि यह एक गंभीर उल्लंघन था जिससे विमान में सवार यात्रियों की जान को खतरा हो सकता था। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि विस्तारा के इस विमान ने कहां से और कब उड़ान भरी थी। विस्तारा के एक प्रवक्ता ने कहा कि यह घटना अगस्त, 2021 में हुई थी लेकिन उन्होंने इसकी तारीख नहीं बताई। किसी उड़ान के प्रथम अधिकारी के रूप में तैनात पायलट को पहले एक सिम्युलेटर में विमान उतारने के लिए प्रशिक्षित किया जाता है। उसके बाद ही वह यात्रियों के साथ विमान को उतारने के योग्य माना जाता है। इसके अलावा विमान के कैप्टन को भी सिम्युलेटर में प्रशिक्षण लेना जरूरी होता है। अधिकारियों ने कहा कि कप्तान के अलावा विस्तारा की इंदौर उड़ान के प्रथम अधिकारी ने भी सिम्युलेटर में प्रशिक्षण नहीं लिया था। इसके बावजूद एयरलाइन ने फर्स्ट ऑफिसर को हवाईअड्डे पर विमान उतारने की अनुमति दी थी। डीजीसीए के अधिकारियों ने कहा कि जांच में समय लगने से इस पर कार्रवाई में देरी हुई।
डीजीसीए ने विस्तारा एयरलाइन पर लगाया 10 लाख रुपए का जुर्माना
