नई दिल्ली : केंद्रीय परिवहन परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने एक सम्मेलन में टेस्ला का भारत में फैक्ट्री लगाने के सवाल का जवाब दिया। टेस्ला पर उन्होंने कहा कि वह टेस्ला इलेक्ट्रिक कार की बिक्री के लिए कार बनाने और उनका एक्सपोर्ट करने के लिए उसका स्वागत करते हैं, लेकिन टेस्ला को चीन से कारों का इम्पोर्ट नहीं करना चाहिए। मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि एलन कार को चीन में बनाना और यहां बेचना अच्छा प्रस्ताव नहीं है। एलन मस्क चाहते हैं कि भारत सरकार टेस्ला की कारों पर इंपोर्ट ड्यूटी को कम करे, जिससे वो विदेशों में बनी टेस्ला की कारों को आसानी से इंडियन मार्केट में बेच सके। लेकिन भारत सरकार इस बात को लेकर बिल्कुल तैयार नहीं है। केंद्र सरकार की ओर से कहा गया था कि एलन मस्क के दबाव का कोई असर नहीं होने वाला है। टेस्ला भारत में कार मैन्युफैक्चर करने की बजाय यहां इंपोर्ट कारें बेचना चाहती है। टेस्ला ने कई मंचों से अपनी यह बात कही है कि भारत सरकार इलेक्ट्रिक कारों पर आयात शुल्क कम करे। हालांकि, सरकार टेस्ला को खरी-खरी बोल चुका है कि टेस्ला भारत में आकर पहले कार बनाए फिर किसी छूट पर विचार होगा। इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स पर आग लगने की घटना पर नितिन गडकारी ने कंपनियों को एडवांस एक्शन लेने को कहा है। उन्होंने कंपनियों से कहा है कि जो भी खराब व्हीकल मार्केट में सेलिंग के लिए उतारे गए हैं उन्हे कंपनी रिकॉल करे। कुछ इलेक्ट्रिक व्हीकल कंपनियों के मालिकों ने आग लगने की घटना की वजह गर्मी का बढऩा बताया था। सडक़ परिवहन और राजमार्ग मंत्री ने कहा कि देश में ईवी इंडस्ट्री अभी शुरू हुई है और सरकार इसमें किसी तरह की लापरवाही नहीं सहेगी। सरकार के लिए सेफ्टी ही प्रॉयरिटी है और कंपनी का किसी की जान के साथ खेलना नहीं सहा जाएगा।