क्राइस्टचर्च : आखिरी ओवर में फेंकी गई नोबॉल ने मैच की तस्वीर पलट दी और दक्षिण अफ्रीका से ‘करो या मरो ’ के मुकाबले में आखिरी गेंद पर तीन विकेट से हारकर भारतीय महिला क्रिकेट टीम रविवार को आईसीसी विश्व कप से बाहर हो गई। जीत के लिए 275 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए दक्षिण अफ्रीका को आखिरी ओवर में सात रन की जरूरत थी। दीप्ति शर्मा के इस ओवर की दूसरी गेंद पर तृषा शेट्टी रन आउट हो गई। अगली दो गेंद पर दो रन बने, लेकिन पांचवीं गेंद पर मिगनोन डु प्रीज (63 गेंद में नाबाद 52 रन) ने लांग ऑन पर कैच थमा दिया । इस समय दक्षिण अफ्रीका को एक गेंद पर तीन रन की जरूरत थी। यह गेंद हालांकि नोबॉल निकली और अब दक्षिण अफ्रीका को दो गेंद पर दो रन की जरूरत थी जो आसानी से बन गए। ऑस्ट्रेलिया, दक्षिण अफ्रीका, इंग्लैंड और वेस्टइंडीज ने विश्व कप के अंतिम चार में जगह बनाई। इससे पहले शेफाली वर्मा, स्मृति मंधाना और संभवत: अपना आखिरी मैच खेलने वाली कप्तान मिताली राज के अद्र्धशतकों की मदद से भारत ने सात विकेट पर 274 रन बनाए। भारतीय कप्तान मिताली राज ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। शेफाली (46 गेंद में 53 रन) और स्मृति (84 गेंद में 71 रन) ने 90 गेंद में 91 रन की साझेदारी की जबकि हरमनप्रीत कौर ने आखिर में 57 गेंद में 48 रन बनाए । दक्षिण अफ्रीका के लिए लौरा वोल्वार्ट ने 79 गेंद में 80 और लारा गुडाल ने 69 गेंद में 49 रन बनाकर दूसरे विकेट के लिए 125 रन की साझेदारी की। भारत को झूलन गोस्वामी के अनुभव की कमी बहुत खली जो बाजू की मांसपेशी में खिंचाव के कारण नहीं खेल सकी। हरमनप्रीत ने सलामी बल्लेबाज लिजेले ली (छह) को रन आउट किया था। हरमनप्रीत ने वोल्वार्ट और सुने लुस (22) के भी विकेट लिए। भारत का क्षेत्ररक्षण बहुत ही ढीला था और स्मृति ने 45वें ओवर में डु प्रीज को जीवनदान दिया। ट्रायोन ने गायकवाड़ के डाले 47वें ओवर में तीन चौके लगाकर रन और गेंद का अंतर कम कर दिया था। इससे पहले भारत के लिए शेफाली ने काफी आक्रामक बल्लेबाजी की और स्मृति ने पारी के सूत्रधार की भूमिका निभाई। शेफाली ने दक्षिण अफ्रीका की सर्वश्रेष्ठ तेज गेंदबाज शबनम इस्माइल को शुरू ही से दबाव में रखा । उन्होंने शबनम के दूसरे ओवर में तीन चौके जड़े । अपनी पारी में उन्होंने आठ चौके लगाए।
दक्षिण अफ्रीका से आखिरी गेंद पर हारकर भारत महिला विश्व कप से बाहर
