मुंबई : भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के गवर्नर शक्तिकांत दास ने मंगलवार को एक नई सेवा का शुभारंभ किया, जिसके जरिये 40 करोड़ से अधिक फीचर फोन या सामान्य मोबाइल फोन उपयोगकर्ता सुरक्षित तरीके से डिजिटल भुगतान कर सकेंगे। गौरतलब है कि यूनीफाइड पेमेंट इंटरफेस (यूपीआई) की शुरुआत के लगभग छह साल बाद इस सेवा की पेशकश की जा रही है। जिन लोगों के पास इंटरनेट कनेक्शन नहीं है, वे यूपीआई ‘123पे’ नाम से शुरू की गई इस सेवा के जरिये डिजिटल भुगतान कर सकते हैं और यह सेवा साधारण फोन पर काम करेगी। दास ने कहा कि अब तक यूपीआई की सेवाएं मुख्य रूप से स्मार्टफोन पर ही उपलब्ध हैं, जिसके चलते समाज के निचले तबके के लोग इनका इस्तेमाल नहीं कर पाते हैं। उन्होंने कहा कि खासतौर से ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसा है। उन्होंने कहा कि वित्त वर्ष 2021-22 में अब तक यूपीआई लेनदेन 76 लाख करोड़ रुपए तक पहुंच गया है, जबकि पिछले वित्त वर्ष में यह आंकड़ा 41 लाख करोड़ रुपए था। उन्होंने कहा कि वह दिन दूर नहीं है, जब कुल लेनदेन का आंकड़ा 100 लाख करोड़ रुपए तक पहुंच जाएगा। एक अनुमान के मुताबिक देश में 40 करोड़ मोबाइल फोन उपयोगकर्ताओं के पास सामान्य फीचर फोन हैं। डिप्टी गवर्नर टी रविशंकर ने कहा कि इस समय यूपीआई सेवाएं यूएसएसडी-आधारित सेवाओं के जरिये ऐसे उपयोगकर्ताओं के लिए उपलब्ध हैं, लेकिन यह काफी बोझिल है और सभी मोबाइल परिचालक ऐसी सेवाओं की अनुमति नहीं देते हैं। केंद्रीय बैंक ने कहा कि फीचर फोन उपयोगकर्ता अब चार तकनीकी विकल्पों के आधार पर कई तरह के लेनदेन कर सकते हैं।
आरबीआई गवर्नर दास ने किया 40 करोड़ फीचर फोन उपयोगकर्ताओं के लिए यूपीआई सेवा का शुभारंभ
