भारत का महत्वपूर्ण राष्ट्रीय त्योहार स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त को धूमधाम से मनाया जाता है। स्वतंत्रता दिवस भारत के लिए गर्व और एकता का प्रतीक है। इस दिन भारत ने ब्रिटिश शासन से आजादी हासिल की थी। यह दिन हमें हमारे स्वतंत्रता सेनानियों की कड़ी मेहनत और बलिदान की याद दिलाता है। इसके साथ ही एक स्वतंत्र और लोकतांत्रिक भारत के निर्माण के लिए हमारे दायित्व को दोहराने का अवसर भी देता है। स्वतंत्रता दिवस से जुड़ी कई ऐसी रोचक बाते हैं, जो हर भारतीय को पता होनी चाहिए। आइए जानते हैं इसके बारे में। 

बांग्ला भाषा में लिखा गया था सबसे पहले राष्ट्रगान 

सबसे पहले राष्ट्रगान को बांग्ला भाषा में लिखा गया था। भारत का राष्ट्रगान सुनते ही हमें एक अलग साहस और ऊर्जा मिलती है। 27 दिसंबर, 1911 को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के कलकत्ता सत्र के दौरान सार्वजनिक रूप से राष्ट्रगान को प्रदर्शित किया गया था। आधिकारिक रूप से 24 जनवरी 1950 में राष्ट्रगान को संविधान सभा की ओर से अपनाया गया था। 

कब-कब गाया जाता है राष्ट्रगान? 

-आमतौर पर स्कूल में प्रेयर के दौरान राष्ट्रगान गाया जाता है। 

    हालांकि, स्कूल के अलावा भी ऐसे कई अवसर हैं, जहां राषट्रगान गाया जाता है।

 -औपचारिक अवसरों पर राष्ट्रीय सलामी देने के लिए।

    परेड प्रदर्शन के दौरान।

 -राष्ट्रपति के कार्य अभिभाषण से पहले और उसके बाद।

-किसी औपचारिक समारोह में राष्ट्रपति या राज्यपाल के प्रवेश और प्रस्थान से पहले।

-जब सांस्कृतिक कार्यक्रमों में राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाता है।

राष्ट्रगान के दौरान खड़े क्यों होते हैं हम? 

राष्ट्रगान के दौरान मौजूद लोग राष्ट्रगान के प्रति सम्मान प्रकट करने के लिए सावधान की मुद्रा में खड़ा हुआ जाता है।

राष्ट्रगान की आचार संहिता 

 -प्रत्येक व्यक्ति का सिर ऊंचा रहना चाहिए।  -राष्ट्रगान के दौरान आगे देखना जरूरी है।  -राष्ट्रीय ध्वज फहराए जाने के साथ ही राष्ट्रगान एक स्वर में गाया जाएगा। -राष्ट्रगान के शब्दों या संगीत की किसी भी पैरोडी या विरूपण की अनुमति नहीं है। 

    राष्ट्रगान का अपमान करने पर कानून