दूध हमेशा से ही हमारी डाइट का एक बहुत जरूरी हिस्सा रहा है। घर में छोटे बच्चे हों या बड़े बुजुर्ग सभी के लिए दूध पीना जरूरी समझा जाता है। भला हो भी क्यों ना इसमें सभी जरूरी पोषक तत्व जो शामिल होते हैं, लेकिन आजकल के दौर में शुद्ध दूध ढूंढ़ना लगभग नामुमकिन है। पहले तो दूध में सिर्फ पानी मिलाया जाता था, लेकिन आजकल तो मुनाफा कमाने के चक्कर में कंपनियां जहरीला यूरिया मिलाने से भी नहीं चूक रही हैं। दूध में यूरिया इसलिए मिलाया जाता है ताकि दूध बेचने वाली कंपनियां थोड़े से दूध से ज्यादा मुनाफा कमा सकें। दरअसल यूरिया मिलाने से दूध में नाइट्रोजन की मात्रा बढ़ जाती है जिससे प्रोटीन भी ज्यादा हो जाता है। इससे फायदा यह होता है कि दूध बेचने वाले उसमें ज्यादा पानी मिला सकते हैं और किसी को पता भी नहीं चलता। इससे दूध में प्रोटीन की मात्रा तो ज्यादा ही लगती है लेकिन असल में वो सफेद जहर बन जाता है।

सेहत पर होता है ये असर : अगर आप यूरिया वाला दूध पी रहे हैं तो आपकी और आपके परिवार की सेहत पर इसका काफी खतरनाक असर हो सकता है। अगर आपने यूरिया वाला दूध पीया है तो आपको तुरंत ही इसके कुछ साइड इफेक्ट्स देखने को मिल सकते हैं, जैसे-पेट में जलन होना, उल्टी आना या जी मिचलाना, दस्त की शिकायत होना। अगर लंबे समय तक आप ऐसे दूध का सेवन करते हैं तो गंभीर बीमारियों का भी शिकार हो सकते हैं। 

इस तरह कर सकते हैं मिलावट की पहचान : वैसे तो यूरिया को इतनी बारीकी से मिलाया जाता है कि इसकी पहचान करना बहुत मुश्किल होता है लेकिन एक आसान तरीके से इसकी पहचान की जा सकती है। देश में खाने-पीने की चीजों की क्वालिटी पर नजर रखने वाली संस्था एएसएसएआई ने इसे टेस्ट करने का एक बहुत आसान तरीका बताया है। इसके लिए सबसे पहले एक टेस्ट ट्यूब लें। उसमें एक चम्मच दूध डालें। अब दूध में आधा चम्मच सोयाबीन या अरहर की दाल का पाउडर डालें। सभी को अच्छे से मिला लें। लगभग पांच मिनट के बाद टेस्ट ट्यूब में लिटमस पेपर डालें। अगर लिटमस पेपर का रंग नीला हो जाए तो समझ लीजिए कि दूध में यूरिया मिला हुआ है।