पूर्वांचल प्रहरी डेस्क संवाददाता गुवाहाटी : क्या हालिया लोकसभा चुनाव के नतीजों ने असम कैबिनेट में फेरबदल की प्रक्रिया तेज कर दी है? मुख्यमंत्री डॉ. शर्मा ने गुरुवार को कैबिनेट में बड़े पैमाने पर फेरबदल की घोषणा की। उन्होंने इसके लिए समय-सीमा भी तय कर दी है जिसके अनुसार 15 अगस्त तक कैबिनेट में फेरबदल होने की संभावना है। शायद इन बदलावों में पार्टी के कई विधायकों की किस्मत खुल जाएगी, जबकि कई मंत्रियों की राजनीतिक किस्मत खतरे में होगी। बाजपेयी भवन के सूत्रों के मुताबिक भाजपा नेतृत्व ने जोरहाट लोकसभा क्षेत्र में हार को हल्के में नहीं लिया है। इसके विपरीत पार्टी के विधायक होने के बावजूद कई निर्वाचन क्षेत्रों में भाजपा उम्मीदवारों को कांग्रेस उम्मीदवारों की तुलना में कम वोट मिले हैं। इसलिए मुख्यमंत्री के निर्देश पर भाजपा विधायकों के क्षेत्र में पार्टी को मिले वोटों की सूची तैयार की जा रही है। ऐसे समय में सीएम के कैबिनेट फेरबदल के ऐलान से लगता है कई मंत्रियों की नींद उड़ गई है। सीएम की टिप्पणी से यह साफ हो गया है कि इस साल के फेरबदल में कई मंत्री जो अक्षम हो गए हैं, उन्हें कैबिनेट से बाहर कर दिया जाएगा। सीएम डॉ. शर्मा ने मीडिया से कहा कि पूरे मंत्रिमंडल में फेरबदल किया जाएगा। इसमें एक महीना लगेगा। एक माह में पूरे मंत्रिमंडल को नई पहचान मिलेगी। 2026 की चुनावी टीम का गठन करना होगा। कैबिनेट पूरी तरह बदल जाएगी। लोग बदलें या न बदलें, दफ्तर आदि पूरी तरह बदल जाएंगे ताकि हम 2026 के चुनाव में एक नए उद्यम के साथ जा सकें। सीएम ने कहा, मैंने दिल्ली में इन मुद्दों पर बात नहीं की है। अब कोई माहौल भी नहीं है। बाढ़ भी आ रही है। मैं 15 अगस्त से पहले ही फेर बदल का काम पूरा कर लूंगा।
असम मंत्रिमंडल में 15 अगस्त तक होगा फेरबदल : मुख्यमंत्री