आम आदमी पार्टी (आप) की सांसद स्वाति मालीवाल के साथ दुव्र्यवहार के मुद्दे पर सियासत तेज हो गई है। जहां आप इसके मुख्य आरोपी बिभव कुमार को बचाने के लिए पूरी तरह मैदान में उतर चुकी है, वहीं दूसरी तरफ भाजपा मालीवाल के मुद्दे पर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को घेरने में लगी है। इंडी गंठबंधन के दूसरे नेता अरविंद केजरीवाल का बचाव करने में लगे हैं। मालूम हो कि स्वाति मालीवाल दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से मिलने के लिए मुख्यमंत्री आवास पहुंची थी। लेकिन वहां उपस्थित सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें मुख्यमंत्री से मिलने से रोका। मालीवाल के जिद पर अड़ने पर केजरीवाल के पीए बिभव कुमार  सामने आए। उस दौरान दुव्यर्वहार एवं मारपीट का कथित आरोप लगा है। मालीवाल ने दिल्ली पुलिस को दिए अपने बयान मेंकहा है कि बिभव कुमार ने उसके साथ मारपीट की तथा दुव्र्यवहार किया। इस घटना को लेकर अरविंद केजरीवाल पर सवाल उठ रहे हैं। जहां भाजपा का कहना है कि यह घटना अरविंद केजरीवाल के इशारे पर हुई है जबकि आप के नेता इसे भाजपा की साजिश बता रही है। दो दिन की चुप्पी के बाद अब मालीवाल भी मैदान में उतर चुकी है।

दिल्ली पुलिस को अपना बयान देने के बाद मालीवाल ने मीडिया के सामने आकर अपनी व्यथा सुनाई है। दिल्ली पुलिस ने केजरीवाल के पीए बिभव कुमार को गिरफ्तार कर लिया है तथा इसकी जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया है। इस घटना ने केजरीवाल की मुश्किलें बढ़ा दी है। सुप्रीम कोर्ट से एक जून तक जमानत मिलने के बाद केजरीवाल चुनाव प्रचार के लिए आक्रामक मुद्रा में नजर आ रहे थे किंतु मालीवाल के मुद्दे पर हुई घटना ने उनको बैकफुट पर धकेल दिया है। वे पहले से ही दिल्ली की आबकारी नीति के दौरान धनशोधन मामले में न्यायिक हिरासत में हैं। सिख फॉर जस्टिस के सुप्रीमो गुरुवतपंत सिंह पन्नू के बयान के बाद एनआईए ने भी जांच शुरू कर दी है।

पन्नू ने बयान दिया था कि खलास्तिानी संगठन की तरफ केजरीवाल को अपने एक कैडर को छुड़ाने में मदद के लिए धन उपलब्ध करवाया गया। अभी इन दोनों मामलों की जांच चल ही रही है तभी ईडी ने अपने नवीनतम चार्जशीट में कनाडा, अमरीका, आस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड एवं अरब देशों से गलत तरीके से पैसा लेने का आरोप लगा दिया है। इसके लिए ईडी ने कोर्ट में सबूत भी पेश कर दिया है। इसके बाद केजरीवाल की मुश्किलें और बढ़ गई। अब मालीवाल भी आम आदमी पार्टी के खिलाफ पूरी तरह मैदान में उतर चुकी है। अपने नवीनतम ट्वीट में स्वाति मालीवाल ने कहा है कि आप के किसी बड़े नेता का उसके पास फोन आया था। उसमें खुलासा हुआ है कि आप के बड़े नेताओं को यह निर्देश दिया गया है कि उनके (स्वाति) के खिलाफ बदनाम करने के लिए पहल करें। इसके लिए आम आदमी पार्टी ने ट्रोल गैंग बना दिया है।

आप के कुछ नेताओं को संवाददाता सम्मेलन आयोजित कर बदनाम करने को कहा गया है। स्वाति ने कहा कि वह अपने अकेले दम पर न्याय और सच्चाई की लड़ाई लड़ेंगी। इसी बीच मालीवाल ने दिल्ली के उप राज्यपाल से भेंट कर इस घटना की पूरी जानकारी दी है। अब दिल्ली पुलिस मालीवाल मामले में पूरी तरह एक्शन में आ गई है। शुरुआती दौर में आप के नेता असमंजस की स्थिति में थे किंतु अब आर-पार की लड़ाई शुरू हो गई है। अब इस मुद्दे को चुनाव के साथ भी जोड़ा जा रहा है। 25 मई को दिल्ली में लोकसभा चुनाव के लिए मतदान होना है। भाजपा इस मुद्दे को अरविंद केजरीवाल के खिलाफ जोर-शोर से उठा रही है। इस मामले को महिला अधिकार से भी जोड़ा जा रहा है। कुल मिलाकर स्वाति मालीवाल का मामला अब चुनाव मुद्दा बन चुका है। आप के नेताओं को अरविंद केजरीवाल का बचाव करना मुश्किल हो रहा है। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ रही है कि वैसे-वैसे बिभव कुमार के खिलाफ सबूत इकट्ठे होते जा रहे हैं। अब देखना है कि दिल्ली की जनता इसे किस रूप में लेती है?