डिजिटल डेस्क : टाटा समूह की विमानन कंपनी विस्तारा पिछले कुछ दिनों से संकटों का सामना कर रही है। पायलटों के इस्तीफे और मास लीव के चलते बीते दिनों में विस्तारा की सैकड़ों उड़ानें रद्द हुई हैं। इस बीच कंपनी को अब विमानन नियामक डीजीसीए ने झटका दे दिया है। डाइरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (डीजीसीए) ने पायलटों की ट्रेनिंग को लेकर यह नोटिस दिया है। दरअसल पायलटों की ट्रेनिंग की प्रक्रिया में जीरो फ्लाइट टाइम ट्रेनिंग (जेडएफटीटी) की एक बारी आती है, जिसमें पायलटों को अलग तरीके के विमान को उड़ाने की ट्रेनिंग दी जाती है। इसमें पायलटों को ट्रेनिंग के कई चरणों से गुजरना पड़ता है। डीजीसीए ने प्रक्रिया के इसी हिस्से को लेकर सवाल उठाया है। ट्रेनिंग से जुड़ी जेडएफटीटी की प्रक्रिया के तहत विस्तारा के पायलट बोइंग 787 एयरक्राफ्ट उड़ाने वाले थे। हालांकि नियमों का उल्लंघन करने को लेकर डीजीसीए से मिले नोटिस के बाद विस्तारा के कई पायलटों की ट्रेनिंग पर होल्ड लग गया है। इससे विस्तारा के करीब 30 पायलट प्रभावित हुए हैं। वे पायलट पहले से एयरबस ए320 एयरक्राफ्ट उड़ा रहे थे और उन्हें कंवर्जन ट्रेनिंग के तहत अब बोइंग 787 एयरक्राफ्ट उड़ाना था। विस्तारा यूरोपियन रूट पर परिचालन में बोइंग 787 विमानों का इस्तेमाल करती है। टाटा समूह की विमानन कंपनी को यह नोटिस ऐसे समय मिला है, जब वह पहले से मुसीबतों का सामना कर रही है। विस्तारा के कई पायलट मास लीव पर चले गए हैं, जबकि कई पायलटों के इस्तीफा देने की खबरें भी आ रही हैं।
विस्तारा को लगा एक और झटका डीजीसीए ने भेजा नोटिस