डिजिटल डेस्क : सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के लिए राज्य सरकार द्वारा कई कदम उठाए गए हैं। किसी भी त्योहार के दौरान कोई दुर्घटना न हो, इसके लिए राज्य सरकार, पुलिस और परिवहन विभाग भी सख्त हैं। लेकिन उसके बाद भी राज्य में दुर्घटनाओं की संख्या में भारी वृद्धि हो रही है। राज्य सरकार के परिवहन विभाग और असम पुलिस के अनुसार राज्य में दुर्घटनाओं में चिंताजनक वृद्धि हुई है। परिवहन विभाग और असम पुलिस के अनुसार 2023 में 7,432 सड़क दुर्घटनाओं में 3,298 लोगों की मौत हुई और 5,910 लोग घायल हुए। इसके अलावा विभाग के सूत्र के अनुसार पिछले साल में सरकार ने 106 करोड़ 85 लाख 75 हजार 502 रुपए नकद ट्रैफिक जुर्माना वसूला है। इसके अलावा एक साल में ई-चालान के जरिए 95 करोड़ 2 लाख 67 हजार 500 रुपए का जुर्माना वसूला गया है। 2024 के फरवरी में 621 सड़क दुर्घटनाओं में 300 लोग मारे गए और 507 घायल हुए। इस साल में मार्च तक कुल 2 करोड़ 7 लाख 400 रुपए का जुर्माना वसूला गया है। उल्लेखनीय है कि पिछले कुछ महीनों में कई सड़क दुर्घटनाओं के कारण सरकार ने नशे में वाहन चलाने वालों के लिए कई एहतियाती कदम उठाए हैं और सख्त नीतियां अपनाई हैं। इसी तरह, त्योहार के दौरान यात्रा करने वाले लोगों के लिए शराब प्रतिबंधित है। पिछले काफी समय से पुलिस और परिवहन विभाग द्वारा चलाए जा रहे संयुक्त अभियान से सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में थोड़ी कमी तो आई है, लेकिन देखने वाली बात यह होगी कि यह अभियान कितने दिनों तक जारी रहेगा। इसी तरह राष्ट्रीय राजमार्गों पर खचाखच भरे वाहन भी दुर्घटनाओं का एक कारण बन गए हैं। राज्य में राजमार्गों के किनारे बिना सिग्नल दिए खड़े ट्रकों और अन्य वाहनों से टकराने के कारण भी कई दुर्घटनाएं होती हैं। सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रीय राजमार्गों पर ऐसी अवैध पार्किंग पर प्रतिबंध लगा दिया था, लेकिन असम परिवहन विभाग ने इसके खिलाफ कोई अभियान नहीं चलाया है। सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए राज्य सरकार को सुनियोजित नीतियों के साथ दीर्घकालिक कदम उठाने की जरूरत है।
राज्यभर में साल भर में 7,432 दुर्घटनाओं में 3,298 लोगों की मौत