पूर्वांचल प्रहरी डेस्क संवाददाता गुवाहाटी : स्वतंत्र भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू के बाद नरेंद्र मोदी काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान का दौरा करने वाले देश के दूसरे प्रधानमंत्री होंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 9 मार्च को विश्व धरोहर स्थल काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान के कहरा वन क्षेत्र का दौरा करेंगे। राष्ट्रीय उद्यान का दौरा करने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री 8 मार्च को ही काजीरंगा पहुंचेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वागत के लिए अब काजीरंगा के निवासियों के साथ काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान के अधिकारी-कर्मचारी पूरी तरह तैयार हैं और बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। कई वर्षों तक काजीरंगा में असम पर्यटन विभाग के बनानी पर्यटन निवास के उप निदेशक और बाद में संयुक्त निदेशक के रूप में कार्य करने वाले सेवानिवृत्त पर्यटन अधिकारी सज्जाद अहमद ने कहा कि 1957 में स्वतंत्र भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान का दौरा किया था। दिवंगत प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू अपनी बेटी और दिवंगत प्रधान मंत्री इंदिरा गांधी के साथ काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान के कहरा वन क्षेत्र में हाथी की सवारी पर आए थे। उस समय इंदिरा गांधी छोटी थीं। प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान के कहरा स्थित बनानी टूरिस्ट लॉज में रात बिताई थी। उस समय बनानी टूरिस्ट लॉज वन विभाग के अधिकार क्षेत्र में था। हालांकि, बाद में वन विभाग ने बनानी टूरिस्ट लॉज को असम पर्यटन विभाग को सौंप दिया। इसके बाद 1978 में दिवंगत पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने काजीरंगा का दौरा किया था, लेकिन उस समय इंदिरा गांधी प्रधानमंत्री के पद पर नहीं थीं, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की अध्यक्ष थीं। गुवाहाटी में पार्टी की एक बैठक में भाग लेने आकर उन्होंने काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान का दौरा किया था। जवाहरलाल नेहरू के बाद देश के प्रधान मंत्री राजीव गांधी ने 1988 में अपनी पत्नी सोनिया गांधी के साथ काजीरंगा आए थे। उन्होंने काजीरंगा के कहरा स्थित असम पर्यटन विभाग के बनानी पर्यटक निवास में दोपहर का भोजन किया था। हालांकि, विभागीय आंकड़ों के मुताबिक उन्होंने काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान का दौरा नहीं किया था। अतः नरेंद्र मोदी काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान का दौरा करने वाले स्वतंत्र भारत के दूसरे प्रधानमंत्री होंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी काजीरंगा के पानबाड़ी स्थित अस्थायी हेलीपैड पर उतरेंगे। प्रधानमंत्री पानबाड़ी स्थित कृषि निगम के हेलीपैड से एनएच-37 से होते हुए काजीरंगा के कहरा स्थित पुलिस गेस्ट हाउस तक गाड़ी से जाएंगे। प्रधानमंत्री मोदी के स्वागत के लिए पानबाड़ी से काजीरंगा के कहरा तक सभी लोग अपने घरों के सामने राष्ट्रीय सड़क की भी सफाई की है। 13 किलोमीटर लंबे राष्ट्रीय राजमार्ग में विभिन्न सांस्कृतिक समूह बिहू, झुमुर और मिचिंग बिहू सहित अपनी कला और संस्कृति का प्रदर्शन करेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 8 मार्च की रात काजीरंगा के कहरा स्थित असम पुलिस के गेस्ट हाउस में बिताएंगे और काजीरंगा की प्राकृतिक सुंदरता का आनंद लेंगे। इस समाचार से विशेष रूप से प्रसन्न हुए हैं गोलाघाट के पूर्व पुलिस अधीक्षक तथा वर्तमान सूचना एवं जनसंपर्क निदेशक के रूप में कार्यरत मानवेंद्र देब राय। यह उत्साही अधिकारी आज इस गेस्ट हाउस के निर्माण से बहुत संतुष्ट हैं। हातीखुली चाय बागान के मध्य में चमकते पुलिस गेस्ट हाउस की सफलता की खबर से अधिकारी के मन को असीम शांति मिली है। किसी भी बड़ी या छोटी पहल के पीछे एक दूरदर्शी, उद्यमशील और अग्रणी व्यक्ति की विचारशील योजना निहित होती है। ऐसा ही एक उदाहरण काजीरंगा के कहरा स्थित असम पुलिस का सुनियोजित गेस्ट हाउस है। 2018 की बात है। गोलाघाट के तत्कालीन पुलिस अधीक्षक मानवेंद्र देब राय ने अनुभव किया था कि हाई प्रोफाइल मेहमानों के आगमन की सुविधा के लिए या अन्यथा कानून और व्यवस्था की स्थिति की निगरानी और समीक्षा करने के लिए काजीरंगा के आसपास एक सरकारी आवास की आवश्यकता है। इसी आवश्यकता को पूरा करने के लिए उन्होंने खुद जिम्मेदारी ली। सबसे पहले जमीन का मामला आया। अच्छी खबर यह थी कि उनके पूर्व पुलिस अधीक्षक पीपी सिंह ने हाथीखुली चाय बागान के पास 7 कट्ठा सरकारी जमीन का एक भूखंड इस उद्देश्य से पहले ही आवंटित कर दिया था। बाद में, हातीखुली टी एस्टेट के अधिकारियों ने इस गेस्ट हाउस के लिए कुछ जमीन मंजूर कर दी। असम पुलिस के वर्तमान विशेष पुलिस महानिदेशक हरमीत सिंह ने इस संबंध में मदद की। अत्याधुनिक गेस्ट हाउस बनाने के लिए बड़े फंड की जरूरत होती है। गेस्ट हाउस के निर्माण के लिए सरकारी धन के अलावा, उन्हें सामाजिक उत्तरदायित्व निधि के तहत एनआरएल, ओएनजीसी आदि से धन प्राप्त हुआ और गोलाघाट पुलिस के निरंतर श्रम, वित्तीय सहायता और स्थानीय लोगों के सहयोग से, मानवेंद्र देब राय ने गोलाघाट में अपने कार्यकाल के दौरान 6 महीने में ही इस शानदार गेस्टहाउस को पूरा कर लिया था। गौरतलब है कि देश के दो माननीय राष्ट्रपति राम नाथ कोविन्द और द्रोपदी मुर्मू के अलावा भारत के वर्तमान उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़, सर्वोच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश सहित कई शीर्ष अधिकारी भी इस गेस्ट हाउस में विश्राम कर चुके हैं।
काजीरंगा का दौरा करने वाले दूसरे प्रधानमंत्री होंगे मोदी