संगारेड्डी (तेलंगाना) : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि वह युवा नेताओं को बढ़ावा देने से 'डरती' है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे पर परोक्ष रूप से कटाक्ष करते हुए उन्होंने कहा कि विपक्षी पार्टी अब 75-80 साल से अधिक उम्र के लोगों को अध्यक्ष नियुक्त कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि परिवारवादी पार्टियां उन्हें निशाना बना रही हैं, क्योंकि वह उनके हजारों करोड़ रुपए के घोटालों का पर्दाफाश कर रहे हैं। मोदी ने यहां भाजपा की एक रैली को संबोधित करते हुए कहा कि उन्होंने कभी कोई निजी हमला नहीं किया, बल्कि परिवारवाद की राजनीति के खिलाफ आवाज उठाई है। उन्होंने कहा कि 'कांग्रेस और उसके दोस्त' अब उन्हें और उनके जनता रूपी 'परिवार' को गाली दे रहे हैं, क्योंकि वह जनता को दी गई 'गारंटी' को लागू करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने कहा कि जब मैं परिवारवाद का विरोध करता हूं...क्योंकि यह लोकतंत्र के लिए खतरनाक है और युवाओं को नए अवसर नहीं देता है... तो वे इसका जवाब नहीं देते हैं, लेकिन कहते हैं कि मोदी का कोई परिवार नहीं है।  उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी पहले वंशवादी पार्टी नहीं थी।

कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी ने कभी भी 50 साल से कम उम्र के किसी व्यक्ति को पदोन्नति नहीं दी।  यदि उन्हें किसी को नियुक्त करना है तो वे किसी ऐसे व्यक्ति को नियुक्त करेंगे, जो 75-80 वर्ष का हो, 85 वर्ष का हो। उन्हें डर है कि अगर 50 साल का आदमी आकर आगे बढ़ जाता है तो परिवार का क्या होगा। प्रधानमंत्री ने कहा कि जम्मू-कश्मीर से लेकर तमिलनाडु तक, जहां-जहां परिवार संचालित पार्टियां शासन कर रही हैं, वे राज्य बर्बाद हो गए हैं। उन्होंने कहा कि वे परिवार मजबूत जरूर हुए हैं, लेकिन राज्य नहीं। उन्होंने जनता से सवाल किया कि क्या इन परिवार द्वारा संचालित राजनीति को जारी रहने दिया जाना चाहिए? उन्होंने आरोप लगाया कि परिवार द्वारा संचालित ऐसी पार्टियां लोकतंत्र विरोधी, प्रतिभा विरोधी और युवा विरोधी हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि जब वह वंशवादी राजनीति की बात करते हैं तो 'वे कहते हैं कि मोदी का कोई परिवार नहीं है'।

उन्होंने आरोप लगाया कि परिवार द्वारा संचालित ऐसी पार्टियां लोकतंत्र विरोधी, प्रतिभा विरोधी और युवा विरोधी हैं। उन्होंने कहा कि जब वह परिवारवादी राजनीति की बात करते हैं तो वे कहते हैं कि मोदी का कोई परिवार नहीं है। उन्होंने कहा कि क्या वंशवाद के लोगों को चोरी करने का लाइसेंस मिला है।  मैंने एक ऐसा मुख्यमंत्री देखा है जिसके 50 करीबी उस राज्य में शीर्ष पदों पर थे। क्या यह लोकतंत्र है। परिवारवादियों और खुद के बीच अंतर करते हुए उन्होंने कहा कि परिवारवादियों के लिए उनका परिवार ही सब कुछ है, जबकि उनके लिए देश का हर परिवार सब कुछ है। प्रधानमंत्री ने कहा कि इन लोगों ने अपने परिवार की भलाई के लिए देश के हित का बलिदान कर दिया, जबकि उन्होंने खुद को राष्ट्रहित के लिए समर्पित कर दिया। मोदी ने कहा कि जब वे सरकार में रहते हैं तो परिवारवादी उपहार लेते हैं और अपने काले धन को उपहारों के जरिए सफेद करते हैं, जबकि वह अपने द्वारा प्राप्त  उपहारों को तोषाखाने में जमा करते हैं।

उन्होंने कहा कि परिवारवादी दलों के लोगों ने विदेशी बैंकों में खाते खुलवाए, लेकिन मोदी ने करोड़ों आम लोगों के लिए  जन धन खाते खुलवाए। मोदी ने कहा कि इन लोगों ने अपने परिवारों के लिए महल बनवाए, लेकिन उन्होंने आज तक अपने लिए घर भी नहीं बनाया। मोदी ने कहा कि कांग्रेस और इंडिया  गठबंधन के लोग अनुमान भी नहीं लगा सकते कि करोड़ों लोग उन्हें अपने परिवार का सदस्य मानते हैं। उन्होंने कहा कि पिछले 10 साल में दलितों और अति पिछड़े तबकों के कल्याण के लिए जितने काम हुए वो 70 साल में नहीं हुए। तेलंगाना में सत्तारूढ़ कांग्रेस और बीआरएस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि वे एक ही सिक्के के दो पहलू की तरह हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि तेलंगाना के लोग कहेंगे कि क्या बीआरएस और कांग्रेस के बीच कोई समझौता है, लेकिन दुनिया जानती है कि बीआरएस और कांग्रेस के बीच  घोटालों का बंधन बहुत ठोस है।

उन्होंने आरोप लगाया कि बीआरएस और कांग्रेस दोनों घोटाला बंधन के अनुसार तेलंगाना की लूट में एक-दूसरे को  कवर फायर देते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि हालांकि बीआरएस पदाधिकारियों ने कालेश्वरम परियोजना घोटाला करके किसानों के करोड़ों रुपए लूटे हैं, लेकिन सत्तारूढ़ कांग्रेस बीआरएस के घोटालों पर जांच का आदेश देने के बजाय फाइलों को दबा रही है।  उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने तेलंगाना को अपना नया एटीएम बनाया है।  उन्होंने अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधानों की समाप्ति, अयोध्या में भगवान राम मंदिर निर्माण और देश की तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था के तौर पर उभरने को अपनी सरकार की कुछ उपलब्धियों के रूप में गिनाया। उन्होंने कहा कि मैं आज आपको गारंटी दे रहा हूं। अगले कुछ साल में हम भारत को दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना देंगे।