रस के बागला महाविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना की तीनों इकाइयों के प्रतिभागियों द्वारा सामूहिक रूप से सात दिवसीय विशेष शिविर के चौथे दिन कल गांव दयानतपुर में पर्यावरण संरक्षण अभियान चलाया गया। इस विशेष अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. महावीर सिंह छोंकर तथा राष्ट्रीय सेवा योजना की तीनों इकाइयों के कार्यक्रम अधिकारी डॉ एमपी सिंह, डॉ संतोष कुमार, अंकिता व उपस्थित रहे प्रतिभागियों द्वारा दयानतपुर ग्राम में पर्यावरण संरक्षण जागरूकता हेतु रैली निकाली गई । रैली में हम सब का एक ही नारा सुंदर, स्वच्छ हो विश्व हमारा नारे लगाए गए। सभी स्वयंसेवकों ने पर्यावरण संरक्षण जागरूकता के तहत पर्यावरण का महत्व बताया।
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. महावीर सिंह छोकर ने कहा कि पर्यावरण ही हमेशा व्यक्ति के अस्तित्व का आधार रहा है। बिना हवा, पानी, मिट्टी, वनों और जैव-विविधता के हम लोग अपने अस्तित्व की कल्पना भी नहीं कर सकते, जिसके कारण विश्व की लगभग सभी प्राचीन सभ्यताओं में इन्हें देवतुल्य मानकर इनकी उपासना की गई है। पर्यावरण संरक्षण के लिए सबसे महत्वपूर्ण है कि हम जल और वायु प्रदूषण को नियंत्रित करें। इसके लिए हमें ज्यादा से ज्यादा पेड़ों को लगाना चाहिए और पेड़ों की कटाई को रोकना चाहिए। राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम अधिकारी डॉ. एमपी सिंह ने स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए कहा कि पर्यावरण का अर्थ है हमारी आसपास की जगह, जिसमें हम रहते हैं।
यदि हमने पर्यावरण को नहीं बचाया तो पृथ्वी पर जीवन संभव नहीं हो सकता। इस अवसर पर राष्ट्रीय सेवा योजना द्वितीय इकाई के कार्यक्रम अधिकारी डॉ. संतोष कुमार ने स्वयंसेवकों के द्वारा किए गए सवालों की जवाब दिए तथा पर्यावरण संरक्षण के तरीकों को बताया। राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई तृतीय की कार्यक्रम अधिकारी अंकिता ने पर्यावरण संरक्षण अभियान के तहत सभी स्वयंसेवकों को शपथ दिलाई। उसके पश्चात सभी स्वयंसेवकों ने वेदांत योग आश्रम में वृक्षारोपण किया और सभी प्रतिभागियों ने इस मुहिम को आगे चलाने का संकल्प लिया।