गुवाहाटी : अयोध्या में राम मंदिर के उद्घाटन समारोह में असम के 29 सत्राधिकारों को विशेष रूप से आमंत्रित किया गया है। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के प्रतिनिधियों ने सत्राधिकारों से व्यक्तिगत रूप से मुलाकात की और उन्हें पारंपरिक रूप से 22 जनवरी के कार्यक्रम में आमंत्रित किया। कार्यक्रम में 29 सत्राधिकार एवं 20 अन्य को उनके साथी के रूप में आमंत्रित किया गया है। सभी को राम मंदिर के उद्घाटन समारोह में आमंत्रित किया गया है। आमंत्रित लोगों को 21 जनवरी में अयोध्या पहुंचना होगा। ट्रस्ट ने विशेष रूप से आमंत्रित अतिथियों के लिए अयोध्या में आवास की व्यवस्था की है। 22 जनवरी के पवित्र दिन, भगवान राम के बाल रूप को भगवान राम के जन्मस्थान पर बने नए मंदिर के गर्भगृह में स्थापित किया जाएगा।
पूरे भारत में उत्सव का माहौल है और अयोध्या नगरी को सजाया गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 22 जनवरी को आधिकारिक तौर पर मंदिर का उद्घाटन करेंगे। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने समारोह में शामिल होने के लिए देश-विदेश से कई लोगों को निमंत्रण भेजा है। विहिप असम ने बताया कि 22 जनवरी के उद्घाटन समारोह में भाग लेने के लिए पूर्वोत्तर के विभिन्न संप्रदायों के धार्मिक नेताओं, संतों, सत्राधिकारों, एथलीटों, सांस्कृृतिक कार्यकर्ताओं और कर सेवकों सहित 214 प्रतिष्ठित व्यक्तियों को विशेष निमंत्रण जारी किया है। विहिप के क्षेत्र संगठन मंत्री डॉ. दिनेश तिवारी ने बताया कि उत्तरी असम प्रांत के 63 खास लोगों को विशेष निमंत्रण मिला है।
उत्तरी असम प्रांत के 63 लोगों में संत,धार्मिक गुरु, सत्राधिकारी, मां कामाख्या मंदिर के पुजारी, विभिन्न आदिवासी समुदायों के गुरु, प्रमुख एथलीट, असम के सांस्कृृतिक कार्यकर्ता और श्री राम मंदिर के निर्माण के लिए धन दान करने वाले लोग भी शामिल हैं। विहिप के क्षेत्र संगठन मंत्री ने कहा कि उत्तरी असम प्रांत के 29 सत्राधिकार और उनके 20 साथियों, प्रमुख एथलीट लवलीना बरगोहाई और हिमा दास और 33 अन्य को आमंत्रित किया गया है। इसके अलावा, 15 अन्य विशेष लोगों को भी समारोह में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया है, जिन्होंने श्री राम मंदिर निर्माण के लिए एक निश्चित राशि दान की है। इस कायक्रम में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के असम क्षेत्र के संघ चालक डॉ. उमेश चक्रवर्ती, विश्व हिंदू परिषद, असम के अध्यक्ष परमेश दत्त भाग लेंगे।