कई घरों में मां बची रोटियों को फेंकती नहीं हैं उसे गर्म कर अगली सुबह खाती है या खिलाती हैं. क्यूंकि मां अनाज का महत्व जानती है। दरअसल बासी रोटी में सेहत के कई गुण छिपे हैं। दूध या चाय के साथ बासी रोटी कई परिवारों में नाश्ता के रूप में अच्छा विकल्प बन जाता है। कई लोग मानते हैं कि रात भर रखी रोटियों में मधुमेह के इलाज के लिए औषधीय गुण होते हैं और वजन घटाने में भी मदद मिलती है।
बासी रोटी से जुड़े हैं कई फायदे : सुबह ठंडे दूध के साथ बासी रोटी खाने से हाई ब्लड प्रेशर वाले लोगों को मदद मिलती है। जिन लोगों को बीपी की समस्या नहीं है वे सब्जी के साथ रोटी खा सकते हैं। सुबह ठंडा दूध पीना रक्तचाप को नियंत्रित रखने में सहायक होता है। कहा जाता है कि बासी रोटी के अद्भुत आंत-स्वस्थ लाभ हैं। सुबह बासी रोटी खाने से आंत के माइक्रोबायोम में सुधार हो सकता है। यह व्यक्ति को गैस, कब्ज और पेट से जुड़ी अन्य समस्याओं से राहत दिला सकता है। मधुमेह से पीड़ित लोगों को बासी रोटी से लाभ मिल सकता है। पोषण विशेषज्ञ सुबह सबसे पहले एक कटोरी रोटी और दूध पीने की सलाह देते हैं। रोटियों में मौजूद आहारीय फाइबर वजन प्रबंधन में मदद करता है सुबह सबसे पहले इन रोटियों को खाने से व्यक्ति का पेट लंबे समय तक भरा रहता है और भूख कम लगती है।
घर में पिछली रात की रोटियां बची होने से यह अगले दिन के नाश्ते का अच्छा विकल्प है। यह सभी के लिए सस्ता, आसानी से उपलब्ध और खाने के लिए तैयार भोजन विकल्प है। खासकर उन लोगों के लिए जिनकी जीवनशैली व्यस्त है और जिनके पास अच्छा नाश्ता तैयार करने के लिए बहुत कम या बिल्कुल समय नहीं है। इसे अगली सुबह बटर या घी लगाकर फ्रेश कर खाने से इसका स्वाद और बढ़ जाता है। इसे खाने में यह ध्यान देना जरूरी है कि वह खराब ना हुई हो। इसमें गोलकी पाउडर और जीरा छिड़क कर भी खा सकते हैं।